नाहन (सिरमौर)। संत निरंकारी भवन नाहन में रविवार को मानव एकता दिवस पर सत्संग का आयोजन किया गया। सत्संग में महात्मा विकास अग्रवाल ने प्रवचन देते हुए बताया कि 24 अप्रैल 1980 को निरंकारी मिशन के तत्कालीन प्रमुख बाबा गुरबचन सिंह ने अपना शरीर त्यागा था। तब से यह दिन मानव एकता के रूप में विश्व भर में निरंकारी मिशनरी मनाते आ रहे हैं।
इस अवसर पर उन्होंने बाबा गुरबचन सिंह जी के जीवन पर विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि बाबा जी समय के बहुत पाबंद थे। आज के दिन सच्ची शिक्षा सभी निरंकारियों के लिए यही होगी कि वह समय को ध्यान में रखते हुए कार्य करें।
इससे पूर्व बाल संगत की प्रभारी परिधि ने बाबा गुरबचन सिंह जी के जीवन पर आधारित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया जिसमें अंकित, वनित, राहुल, श्रेया, सुखप्रीत तथा देवांगना आदि बच्चों नें बढ़ चढ़कर भाग लिया।
इस मौके पर मंडल प्रमुख कौशल्या अग्रवाल, उदवीर सिंह, जयगोपाल, बलवंत सिंह, प्रेम शर्मा, रूपेश आदि ने भी अपने विचार रखे।