फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sirmour News: मेडिकल कॉलेज के पुराने भवन की मरम्मत बंद

विज्ञापन
विज्ञापन
आक्सीजन पाइप शिफ्ट न होने और जगह खाली न होने से रोका काम
विज्ञापन


2.50 करोड़ से किया जा रहा भवन का काम

चंद्र ठाकुर

नाहन (सिरमौर)। डॉ. वाईएस परमार मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल नाहन में पुराने भवन की रेट्रोफिटिंग का काम लटक गया है। मरम्मत करवा रहे लोक निर्माण विभाग ने मेडिकल कॉलेज प्रबंधन की ओर से जगह खाली नहीं होने और आक्सीजन पाइप शिफ्ट न होना इसका कारण बताया है।

दरअसल, मेडिकल कॉलेज के पुराने भवन की रेट्रोफिटिंग का कार्य 2.50 करोड़ से किया जा रहा है। छत की सीलिंग, प्लास्टर और बिजली फिटिंग समेत अन्य काम प्रस्तावित हैं। लोक निर्माण विभाग की ओर से आधुनिक तरीके से इसे तैयार करने के लिए कार्य शुरू कर दिया गया। दीवारों से पुराना प्लास्टर भी दीवारों उखाड़ दिया गया है। कुछ भवनों में जगह खाली न होने से अब कार्य रुक गया है।
विज्ञापन


पुराने भवन के साथ आक्सीजन पाइप भी शिफ्ट की जानी है। इसके अलावा मेडिकल कॉलेज प्रबंधन की ओर से मरम्मत कार्य को लेकर डिटेल न सौंपे जाने की बात लोक निर्माण विभाग के अधिकारी कह रहे हैं। इसके चलते अब काम को रोक दिया गया है। गौरतलब है कि मेडिकल कॉलेज का नया भवन अभी तक तैयार नहीं हुआ है। यह पुराने भवन में चल रहा है। इसकी छतों की हालत खराब है। दीवारों में भी सीलन रहती है। आए दिन यहां रोगियों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था। इसके बाद यहां मरम्मत कार्य शुरू किया गया था।

क्या है रेट्रोफिटिंग

रेट्रोफिटिंग का मतलब किसी मौजूदा चीज में नई तकनीक या सुविधाएं जोड़ना है। यह किसी चीज के निर्माण के बाद उसमें बदलाव या मरम्मत करने की प्रक्रिया है। इसके जरिये भवन की सुरक्षा और स्थायित्व में सुधार किया जा सकता है।
विज्ञापन


मेडिकल कॉलेज नाहन के पुराने भवन में रेट्रोफिटिंग फिलहाल बंद है। कुछ जगह खाली न होने और आक्सीजन पाइप शिफ्ट करने को लेकर अभी तक मेडिकल कॉलेज प्रबंधन की ओर से डिटेल नहीं दी गई है। जैसे ही इन समस्याओं का समाधान होगा, फिर से मरम्मत का कार्य आरंभ कर दिया जाएगा।

-आलोक जनवेजा, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें