एसीजेएम न्यायालय संख्या-1 पांवटा के न्यायाधीश ने चोरी के आरोपी को 1 वर्ष कैद तथा 2000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। अक्तूबर 2015 को सिविल अस्पताल पांवटा में नलका चुराते आरोपी को रंगे हाथों दबोचा था। सुरक्षा कर्मी ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवा दी थी। बुधवार, 10 फरवरी 2015 को पांवटा एसीजेएम कोर्ट नंबर-1 के न्यायाधीश डॉ. परविंद्र सिंह अरोड़ा की अदालत ने दोषी को सजा सुनाई है।
सहायक जिला न्यायवादी राजेंद्र कुमार शर्मा ने बताया कि 5 अक्तूबर 2015 को पांवटा पुलिस थाने में शिकायत दर्ज करवाई गई थी जिसमें सिविल अस्पताल पांवटा के सुरक्षा गार्ड बालक राम पुत्र शेर सिंह ने मामला दर्ज करवाया। स्थानीय अस्पताल में नलके चोरी के मामले आ रहे थे।
इसके बाद, सुरक्षा गार्ड टीम ने दिन व रात के समय ज्यादा चौकसी बढ़ा दी थी। संदिग्ध घूमने वाले लोगों पर नजर रखी जा रही थी। नलके चुराते आरोपी मोहम्मद रियाज उर्फ राजू पुत्र मोहम्मद यूसुफ मकान नंबर 218 वार्ड-10 देवीनगर पांवटा पकड़ा गया था। आरोपी अस्पताल के आपातकालीन कक्ष के बाथरूम से पानी के नलके चोरी करते रंगे हाथों दबोच लिया गया। उस पर लगाए गए चोरी के आरोप सिद्ध हो गए। दोषी को अदालत ने आईपीसी की धारा-454 व 380 के तहत एक-एक वर्ष की कैद तथा 1000-1000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।