पांवटा में गो संरक्षण की मांग को लेकर अनशन पर बैठे गोसेवक सचिन व अन्य।
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पांवटा साहिब (सिरमौर)। गो संरक्षण को लेकर सात दिनों से पांवटा साहिब में धरना प्रदर्शन जारी है। मगर प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन की तरफ से अब तक समाधान के लिए कोई प्रयास शुरू नहीं हो सके है। इसी कारण वीरवार को गो सेवक सचिन ओबराय ने क्रमिक अनशन शुरू कर दिया। उन्होंने नायब तहसीलदार के माध्यम से जिलाधीश सिरमौर को ज्ञापन भी भेजा और शीघ्र समाधान नहीं निकालने पर हिंदू समाज के उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होने की चेतावनी भी दी।
व्यवस्था परिवर्तन मंच के संयोजक सुनील चौधरी, नगर गो सेवा प्रमुख अजय संसरवाल, हेमंत कुमार धर्मपाल ने कहा कि गो सेवक सचिन सात दिनों से गोसंरक्षण के मुद्दे को लेकर परशुराम चौक के समीप शांतिपूवर्क धरना कर रहे हैं। गो हितों की अनदेखी और गोवंश की सड़कों पर हादसों में दर्दनाक मौत हो रही है। लंपी रोग से कई पशु तड़फ-तड़फ कर मर रहे हैं। लेकिन सरकार और प्रशासन की ठोस कदम नहीं उठा रहा है। इसमें चलते वीरवार से 24-24 घंटे के क्रमिक अनशन का फैसला लिया गया है। प्रथम दिन गो सेवक सचिन ओबराय ने अनशन किया।
सचिन ने कहा कि जिलाधीश सिरमौर को ज्ञापन भेजा है। इसमें जिला सिरमौर की सड़कों से समस्त गोवंश को गौशाला, काऊ सेंचुरी पहुंचाने, सड़कों पर गोवंश को छोड़ने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही करने, पांवटा साहिब में काऊ सेंचुरी खोलने, सरकारी गोसदनों में व्यवस्था दुरुस्त करने जैसी मांग रखी है। यदि कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया तो मजबूरन हिंदू समाज को उग्र आंदोलन करना पड़ेगा। इसकी जिम्मेवारी प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन की होगी।