गिरिपार क्षेत्र के बडोल गांव में शांत पर्व पर उमड़ा आस्था का सैलाब। स्रोत : जागरूक पाठक
शिरगुल मंदिर निर्माण के बाद शांत पर्व का आयोजन
लिंबर नृत्य के साथ मंदिर में की गई खनेउड की स्थापना
संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन/नौहराधार (सिरमौर)। सिरमौर जिले के गिरिपार इलाके के बडोल गांव में वीरवार को आस्था का सैलाब उमड़ा। यहां माता बिज्रेश्वरी मंदिर के साथ शिरगुल महाराज के नये मंदिर का निर्माण कार्य पूरा होने पर शांत पर्व का आयोजन किया गया। लिंबर नृत्य के साथ मंदिर में खनेउड की स्थापना की गई। हजारों लोग इस धार्मिक आयोजन के साक्षी बने।
बडोल में दशकों बाद शिरगुल महाराज के नये मंदिर का निर्माण किया गया। वीरवार सुबह शुभ मुहूर्त में शिरगुल महाराज के नवनिर्मित मंदिर पर खनेउड लगाई गई। इस दौरान शिरगुल महाराज के जयकारों और पारंपरिक ढोल-नगाड़ों की धुनों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। इस मौके पर पारंपरिक रासा नृत्य आकर्षण का केंद्र रहा। बडोल समेत आसपास के क्षेत्रों से आए लोगों ने मंदिर में शीश नवाया।
स्थानीय निवासी बुधराम शर्मा, दयाराम शर्मा, अनिल शर्मा, जगत शर्मा, रामलाल शर्मा, लायक राम शर्मा, मोहन लाल शर्मा, वीरेंद्र शर्मा ने बताया कि नए मंदिर बनने के बाद शांत मनाने की परंपरा यहां सदियों से चली आ रही है। गांव में भी शिरगुल महाराज का नया मंदिर बनने के बाद इस परंपरा को निभाया जा रहा है, जिसके हजारों लोग साक्षी बने। उन्होंने कहा कि परंपरा के अनुसार लिंबर नृत्य के साथ मंदिर में खनेउड की स्थापना की गई और पूरे क्षेत्र की सुख-समृद्धि के लिए आराध्य देवता से प्रार्थना की गई।