पांवटा साहिब (सिरमौर)। नगर परिषद पांवटा के देेवीनगर वार्ड की शक्ति कॉलोनी में बुजुर्ग दंपति को नशीला पदार्थ खिलाकर लूटपाट करने के मामले में पुलिस के हाथ खाली हैं। हालांकि, पुलिस के हाथ कुछ अहम सुराग लगे हैं लेकिन अभी तक लुटेरे की गिरफ्तारी नहीं हो सकती है। उधर, पीड़ित बुजुर्ग दंपति स्वस्थ हो गए हैं। अब पुलिस को यह मामला सुलझाने में और मदद मिल सकती है।
पीड़ित दंपति 80 वर्षीय केसी नागपाल व उनकी पत्नी कांता नागपाल(74) के अनुसार वीरवार को शातिर घर में करीब पौने घंटे तक रहा। इस बीच बातों बातों में बेटों, परिजनों व पड़ोसियों के नाम लेकर परिचित होने की बात कही। विश्वास में लेने के बाद चाय पीने को कहा। केसी नागपाल पूरी चाय पी गए थे जिससे दो दिन तक पूरी तरह से बेहोश रहे। देहरादून अस्पताल में उपचार के दौरान चिकित्सकों ने भी नशीला पदार्थ पिलाने की बात कही है।
वहीं, कांता नागपाल ने चाय की केवल 2-4 चुस्कियां ही ली थीं जिससे अचेत हो गई। पीड़ित दंपति का कहना है कि शुरू में शातिर किसी गैस एजेंसी का कर्मचारी होने की बात कह कर भीतर आया था। दंपति का कहना है कि बरामदे में थोड़ी देर बैठने के बाद जैसे ही कांता नागपाल चाय बनाने किचन में पहुंची तो शातिर पानी पीने के बहाने किचन में आया। इसी दौरान उसने शायद चाय में कुछ डाला होगा। इसके बाद एक्यूप्रेशर से उपचार करने लगा। महिला ने हाथों में पहने सोने के कड़े व अंगूठी निकाल दी थी। बेसुध होने पर यह ज्वैलरी उठा ली। भीतर कमरे में जाकर अलमारी से करीब 30 हजार की नकदी व ज्वैलरी भी निकाल ली। बुजुर्ग दंपति के परिजनों का कहना है कि 3 से 4 लाख की चपत शातिर ने लगाई है।
डीएसपी पांवटा प्रमोद चौहान ने कहा कि देवीनगर मामले की गहनता से जांच की जा रही है। जांच के दौरान कुछ अहम सुराग मिले हैं। पुलिस टीमें पड़ोसी राज्यों में भी भेजी गई हैं। कुछ संदिग्ध स्थलों पर भी दबिश दी गई है। आरोपी को जल्द दबोचा जाएगा।