नाहन। फैमिली कोर्ट ने आपसी सहमति से दायर तलाक याचिका को स्वीकार करते हुए पति-पत्नी के विवाह को समाप्त करने का आदेश दिया है। दोनों पक्षों ने अदालत में दूसरी मोशन के दौरान अपने बयान दर्ज कराए और साथ रहने की कोई संभावना न होने की बात कही। यह मामला जिला के मुख्यालय नाहन क्षेत्र का है। दोनों का विवाह 19 फरवरी 2022 को हिंदू रीति-रिवाजों से हुआ था। एक पुत्र का जन्म हुआ, लेकिन आपसी मतभेदों के चलते दंपती 9 सितंबर 2024 से अलग-अलग रह रहे थे। दोनों ने 8 अप्रैल 2026 को हिंदू विवाह अधिनियम के तहत संयुक्त रूप से आपसी सहमति से तलाक की याचिका दायर की थी। प्रथम मोशन के बाद छह माह की अनिवार्य अवधि को माफ करने के लिए आवेदन किया गया, जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया। दूसरे मोशन की सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि दोनों पक्ष स्वतंत्र इच्छा से विवाह समाप्त करना चाहते हैं। इसके बाद फैमिली कोर्ट ने विवाह विच्छेद (डिवोर्स) की डिक्री पारित कर दी। संवाद