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Sirmour News: सड़कों की बदहाली और स्मार्ट मीटर के अधिक बिलों से किसान भड़के

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एसडीएम पावंटा साहिब कार्यालय के कर्मचारी को ज्ञापन देते हुए भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारी व
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किसानों की लंबित गेहूं भुगतान राशि और धान फसल में बीमारी का भी मुद्दा उठाया
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भारतीय किसान यूनियन (चढ़ूनी) ने एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
पांवटा साहिब (सिरमौर)। भारतीय किसान यूनियन (चढ़ूनी) ने पांवटा साहिब विधानसभा क्षेत्र में सड़कों की बदहाल स्थिति, स्मार्ट मीटर लगने के बाद बिजली बिल अधिक आने पर नाराजगी जताई है। इसके साथ ही किसानों की बकाया गेहूं भुगतान राशि और धान की फसल में बीमारी को लेकर प्रदेश सरकार के समक्ष गंभीरता से मुद्दा उठाया है। अपनी मांगों व समस्याओं को लेकर एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है।
यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष तरसेम सिंह सग्गी ने कहा कि किसानों और क्षेत्र की समस्याओं को लेकर सरकार के समक्ष मांगें रखी गई थीं। सरकार से भी समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया गया था, लेकिन अभी तक संबंधित विभागों की ओर से अपेक्षित कार्रवाई नहीं की गई है। यूनियन ने कहा कि पांवटा साहिब विधानसभा क्षेत्र की लगभग 90 से 95 प्रतिशत सड़कें क्षतिग्रस्त और खस्ताहाल हैं। बरसात के दौरान इन सड़कों की स्थिति और खराब हो गई है, जिससे ग्रामीणों, किसानों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यूनियन ने सरकार से क्षतिग्रस्त सड़कों की जल्द मरम्मत करवाने की मांग की है।
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वहीं, यूनियन के मीडिया प्रभारी हरजीत सिंह, सायरा बानो, सरवन सिंह, तरुण सिंह व रूपिंद्र सिंह समेत सदस्यों ने कहा कि प्रदेश में स्मार्ट मीटर लगने के बाद उपभोक्ताओं को बिजली के बिलों में कथित रूप से भारी बढ़ोतरी का मुद्दा भी उठाया जाता रहा है। यूनियन का कहना है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल प्राप्त हो रहे हैं। इस समस्या की जांच करवाकर जल्द समाधान करने की मांग की गई है। अपनी मांगों और समस्याओं के शीघ्र समाधान के लिए मुख्यमंत्री को एसडीएम पांवटा साहिब के माध्यम से मांग पत्र भेजा।
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यूनियन ने कहा कि इससे पहले भी एक मांग पत्र भेज कर किसानों से खरीदी गई गेहूं की फसल बकाया राशि का मुद्दा भी उठाया गया। यूनियन ने कहा कि किसानों को अभी तक उनकी गेहूं की पूरी भुगतान राशि नहीं मिली है। ऐसे में प्रदेश के किसानों में काफी नाराजगी व्याप्त हो रही है।
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