अमर उजाला ब्यूरो
नाहन (सिरमौर)। नागरिक सभा नाहन ने प्रदेश सरकार से शहर में दो अतिरिक्त डिस्पेंसरियां खोलने की मांग की है। नागरिक सभा का कहना है कि ऐसा होने से डॉ. वाई एस परमार मेडिकल कॉलेज नाहन में लगने वाली भारी भीड़ से राहत मिल सकेगी।
शहर की समस्याओं को लेकर नागरिक सभा नाहन की एक बैठक रविवार शाम को नाहन में आयोजित हुई जिसकी अध्यक्षता सभा प्रधान दिग्विजय गुप्ता ने की। बैठक में नाहन मेडिकल कॉलेज में उत्पन्न हो रही अव्यवस्थाओं पर ध्यान केंद्रित रहा। अपने संबोधन में दिग्विजय गुप्ता ने कहा कि नाहन मेडिकल कॉलेज में प्रत्येक ओपीडी में रोजाना भारी भीड़ उमड़ रही है जिससे यहां इलाज करवाने आ रहे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग को चाहिए कि वह डिग्री कॉलेज के पुराने साइंस ब्लॉक और बस स्टैंड पर दो डिस्पेंसरियां स्थापित करें ताकि अस्पताल में लगने वाली भीड़ से छुटकारा मिल सके।
ओएल चौहान ने कहा कि नाहन में वैसे तो मेडिकल कॉलेज की स्थापना कर दी गई है लेकिन यहां पर आवश्यक उपकरणों की भारी कमी है। जबकि ऐसा नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार को इस मेडिकल कॉलेज की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए दिल से कार्य करना चाहिए। यहां जितने भी उपकरणों की कमी है। उसे प्राथमिकता के आधार पर पूरा करना चाहिए ताकि क्षेत्र के लोगों को बेहतर इलाज मिल सके।
बैठक में उपस्थित ओपी सरीन, एसडी धीमान, पीसी अग्रवाल, योगेश्वर गौतम, वीके अग्रवाल, मदन सिंह पंवार, याकूब बेग, अशोक विक्रम, दलीप सिंह वर्मा ने इस बात को लेकर हैरत जताई कि जिला सिरमौर में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं लेकिन आज तक यहां पर पर्यटन विभाग ने कार्यालय तक नहीं खोला है। ऐसे में यहां पर्यटन कितना और कैसे विकसित होगा इस पर सवाल उठना लाजिमी है।
उन्होंने कहा कि नाहन शहर शिवालिक पहाड़ियों के शिखर पर स्थित है। यहां पर देहरादून, चंडीगढ़, अंबाला, यमुनानगर आदि सभी प्रमुख शहर मात्र 90 किमी की दूरी पर स्थित हैं। जबकि जिला में चूड़धार, हरिपुरधार, भगवान परशुराम का जन्मस्थान, जामू, रेणुका झील, बडूृ साहिब, पांवटा साहिब का ऐतिहासिक गुरुद्वारा, दशमेश अस्थान नाहन, मारकंडा व सरस्वती नदी का उद्गम स्थान बोहलियों, बाला सुंदरी जैसे स्थान हैं जहां लोगों का तांता लगा रहता है। यदि यहां पर कार्यालय खोला जाए तो पर्यटन की दृष्टि से जिला को अधिक विकसित करने पर कार्य हो सकता है। बैठक में मौजूद पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने सरकार से नाहन स्थित फाउंडरी की खाली पड़ी जमीन में क्राफ्ट विलेज खोलने की भी मांग की।