झाड़ू उठाई, फोटो खिंचाया और अफसर मौके से गायब
शिलाई में स्वच्छता अभियान की अधिकारी ही उड़ा रहे खिल्ली
मोदी के स्वच्छता अभियान के प्रति गंभीर नहीं प्रशासनिक अधिकारी
जगत सिंह तोमर
शिलाई (सिरमौर)। झाडू उठाई, फोटो खिंचवाया और हो गई सफाई...। यह किसी कहावत की पंक्तियां नहीं हैं बल्कि इसे कहावत का रूप देने की तैयारियां जरूर चल रही हैं। जी हां! यह हकीकत है। भले ही देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गांव और समाज को स्वच्छ रखने के लिए साफ-सफाई का आह्वान कर रहे हैं लेकिन, यहां अधिकारी ही स्वच्छता अभियान की खिल्ली उड़ाने में लगे हैं। शिलाई में भी कुछ ऐसा ही नजारा देखने को मिला। देश में चल रहे स्वच्छता अभियान को लेकर यहां पर महज औपचारिकताएं ही पूरी की गईं। इस अभियान के तहत शिलाई बस स्टैंड पर उपमंडल के प्रशासनिक अधिकारियों समेत कर्मियों ने स्वच्छता अभियान तो छेड़ा लेकिन अभियान सिर्फ फोटो खींचने तक ही सीमित रहा। अभियान को लेकर बाकायदा मीडिया को मौके पर बुलाया गया, जहां हाथों में झाडू लिए फोटो खिंचवाई गई। इसके तुरंत बाद तमाम अधिकारी मौके से गायब हो गए। लोगों में विभागीय अधिकारियों को लेकर रोष है कि जब अधिकारी ही अभियान की धज्जियां उड़ा रहे हैं तो आम लोगों में इसका कैसा संदेश जाएगा। विभागीय कार्यप्रणाली को देखकर कौन क्षेत्र और समाज को जागरूक करेगा। यह भी बड़ा सवाल है। इससे भी बड़ी बात यह है कि केंद्र सरकार कैसे अपने अभियान को सफल बनाएगी। हालत यह है कि जहां सफाई अभियान छेड़ा गया था वहां पर गंदगी के ढेर लगे हैं। किसी भी तरह की गंदगी को साफ नहीं किया गया। ऐसे में शिलाई बाजार में स्वच्छता के दावों की भी हवा निकल रही है।
उधर, कार्यवाहक एसडीएम मस्तराम ने बताया कि स्वच्छता अभियान को लेकर रैली निकाली गई थी। शपथ भी दिलाई गई। प्रशासन ने सफाई अभियान का शुभारंभ करना था। तहसीलदार के अलावा उनके पास एसडीएम का भी कार्यभार है तो वह शुभारंभ के बाद वापस कार्यालय आ गए। उन्होंने बताया कि शिलाई को साफ-सुथरा बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। इसको लेकर व्यापार मंडल और पंचायत को भी चिट्ठी लिखी गई है। जल्द बड़े स्तर पर शिलाई में सफाई अभियान चलाया जाएगा।