अमर उजाला ब्यूरो
नाहन (सिरमौर)।
जनपद सिरमौर को पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने का खाका तैयार किया जा रहा है। इसके लिए नाहन शहर और जिला में पर्यटन स्थल विकसित किए जाएंगे। सड़कों को चकाचक किया जाएगा। जबकि पार्कों और ऐतिहासिक धरोहरों की दशा सुधारी जाएगी। खास यह है कि हिमाचल प्रदेश की सीमा पर स्थित कालाअंब में गेटवे ऑफ हिमाचल का निर्माण किया जाएगा। उपायुक्त सिरमौर ललित जैन ने विभिन्न विभाग के अधिकारियों से इसके लिए तीन दिन में विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर उन्हें देने के आदेश दिए हैं।
नाहन शहर को पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने के लिए मंगलवार को उपायुक्त ललित जैन की अध्यक्षता में एक बैठक का आयोजन किया गया जिसमें शहर की सड़कों, पार्क, ऐतिहासिक धरोहरों तथा पेयजल व्यवस्था पर विस्तृत चर्चा की गई।
उपायुक्त ने कहा कि नाहन शहर एक नगिना, आए एक दिन रहे महीना। इस कहावत को सही मूर्त रूप देना है। नाहन एक ऐतिहासिक शहर है। शहर को और अधिक सुंदर बनाना सरकार तथा प्रशासन का लक्ष्य है। इसके लिए संबंधित विभाग तीन दिनों के भीतर शहर तथा जिला के चिन्हित स्थानों पर किए जाने वाले कार्यों की कार्य योजना तैयार कर उपायुक्त कार्यालय को प्रस्तुत करें।
उन्होंने लोनिवि के अधिकारियों को आदेश दिए कि नाहन फाउंडरी में क्राफ्ट विलेज बनाने, कालीस्थान तालाब तथा रामकुंड़ी तालाब के जीर्णोद्धार के लिए कार्य योजना बनाएं। उन्होंने जिला पर्यटन अधिकारी को कालाअंब में गेटवे ऑफ हिमाचल के निर्माण की कार्य योजना बनाने जबकि कार्यकारी अधिकारी नगर परिषद नाहन तथा पांवटा साहिब को निर्देश दिए कि वह नाहन में 6 जबकि पांवटा में 4 स्थानों पर सुलभ शौचालयों के निर्माण के लिए स्थान चिहिन्त करें।
उन्होंने एसडीएम पांवटा साहिब को यमुनाघाट के सौंदर्यीकरण, देई साहिबा मंदिर के नवीनीकरण के लिए योजना बनाने के निर्देश दिए, जबकि वन विभाग के अधिकारियों को सिंबलवाड़ा नेशनल पार्क के उत्थान के लिए प्राक्कलन बनाने को कहा। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त सिरमौर आदित्य नेगी, एसडीएम नाहन विवेक शर्मा, जिला पर्यटन अधिकारी सोलन विवेक चौहान, नगर योजनाकार सवीता ओमटा, कार्यकारी अधिकारी नगर परिषद नाहन एसएस नेगी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी भी उपस्थित थे।