अमर उजाला ब्यूरो
नाहन (सिरमौर)। संगड़ाह-ददाहू सड़क पर खड़कोली के समीप हुए स्कूल बस हादसे के बाद जिला प्रशासन अलर्ट हो गया है। हरकत में आए जिला प्रशासन ने इस बार निजी स्कूल के प्रबंधकों को कड़ी चेतावनी देते हुए नियमों का पालन करते हुए बच्चों की सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध करने के आदेश दिए हैं। उपायुक्त ने चेतावनी दी है कि यदि राज्य सरकार की ओर से जारी आदेशों की अनुपालना नहीं करने पर स्कूल प्रबंधन के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
उपायुक्त ने जिले के सभी निजी शिक्षण संस्थानों (जिन के पास अपने वाहन हैं) को निर्देश दिए कि स्कूल बस 15 वर्ष से अधिक पुरानी नहीं होनी चाहिए। बस तकनीकी तौर पर फिट होनी चाहिए। इसके लिए प्राधिकृत परिवहन अधिकारी का प्रमाण पत्र होना भी अनिवार्य है। इसके अतिरिक्त स्कूल बस में अनुभवी वाहन चालक को तैनात किया जाए। इनके पास पांच वर्ष का भारी वाहन चलाने का लाइसेंस एवं अनुभव हो। इसके अतिरिक्त वाहन चालक को वर्दी मुहैया करवाई जाए। वर्दी पर वाहन चालक के नाम की पट्टिका भी होनी चाहिए।
उपायुक्त ने कहा कि स्कूल बस के अंदर सीसीटीवी कैमरे लगाना भी अनिवार्य है। ये क्रियाशील होने चाहिए, जिससे बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। स्कूल बस में स्पीड गवर्नर को अनिवार्य रूप से लगाया जाए। इस पर आईएसआई मार्क का चिन्ह होना चाहिए। बस की स्पीड 40 किलोमीटर प्रति घंटा से अधिक नहीं होनी चाहिए। उन्होंने सभी निजी स्कूल प्रबंधन समिति को निर्देश दिए हैं कि इन दिनों सभी स्कूलों में अवकाश चल रहे है। जिन स्कूल में स्पीड गवर्नर, सीसीटीवी कैमरे इत्यादि नहीं लगे हैं वे तुरंत लगवा लें। बसों को तकनीकी तौर पर ठीक करवा लें अन्यथा निर्धारित मापदंडों की अवहेलना करने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सभी एसडीएम को दिए चेकिंग के निर्देश
उपायुक्त ने जिले में कार्यरत सभी एसडीएम और क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी सिरमौर को निर्देश दिए कि वे स्कूल बसों का औचक निरीक्षण करें और सरकार की ओर से निर्धारित मापदंड पूरा न करने वाली स्कूल बसों के मालिकों के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत कार्रवाई करें।
वीडियो बनाकर पुलिस को भेजें, होगी कार्रवाई
एसपी रोहित मालपानी ने मीडिया कर्मियों और आम जनता से यह अपील की है कि वे ओवरलोडिंग या गाड़ी चलाते हुए मोबाइल पर बात करते हुए पाए जाने पर उसकी वीडियो और फोटो लेकर पुलिस को भेजें। यातायात नियमों की अवहेलना करने पर पुलिस ऐसे चालकों और बस मालिकों के खिलाफ कार्रवाई अमल में लाएगी। जगह का नाम, बस नंबर, तिथि और वीडियो 9559100100 नंबर पर व्हाट्सऐप की जा सकती है या फिर गुड़िया हेल्प लाइन का भी इसके लिए इस्तेमाल किया जा सकता है।