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Rampur Bushahar News: भारी बारिश से प्राथमिक स्कूल पांकवा का भवन ढहा, 500 सेब के पेड़ हुए नष्ट

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पासू सब्जी मंडी के निकास मार्ग के निर्माण के लिए पत्थर को तोड़ती पोकलेन मशीन। -अमर उजाला
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. स्कूल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र किया स्थानांतरित, ग्रामीणों की गोशालाओं को भी पहुंचा नुकसान
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. बीते रात हुई मूसलाधार बारिश ने क्षेत्र में मचाई तबाही
संवाद न्यूज एजेंसी
निरमंड (रामपुर बुशहर)।
निरमंड खंड की बाड़ी पंचायत के पांकवा गांव में भारी बारिश ने तबाही मचाई है। रविवार रात को हुई मूसलाधार बारिश के कारण प्राथमिक स्कूल पांकवा के भवन का एक हिस्सा भूस्खलन की चपेट में आकर ढह गया। साथ ही स्कूल के अन्य अन्य हिस्से में मलबा घुस गया है। स्कूल को सामुदायिक भवन में स्थानांतरित करना पड़ा है। इस आपदा में 500 से अधिक सेब के पेड़ और गोशालाएं भी नष्ट हो गईं, जिससे लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। भूस्खलन के कारण वर्ष 1993 में बना राजकीय प्राथमिक विद्यालय पांकवा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। स्कूल भवन के भीतर बच्चों का शैक्षणिक रिकॉर्ड और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज फंसे हुए हैं, जिन्हें निकालना जोखिमभरा है। प्रशासन ने प्राथमिक स्कूल की कक्षाएं सामुदायिक भवन में स्थानांतरित कर दी हैं। बारिश का सबसे अधिक असर बागवानों पर पड़ा है। लक्ष्मण राठौर, महेश्वर सिंह ठाकुर, हिमेश अजेय, श्याम सिंह, सेस राम और सोहन लाल के सेब के बगीचों को भारी नुकसान पहुंचा है। करीब 500 से अधिक सेब के पेड़ नष्ट हो गए हैं। गोशालाएं भी क्षतिग्रस्त हुई हैं, जिससे प्रभावित परिवारों को लाखों रुपये के नुकसान का अनुमान है। ग्रामीण सेस राम का मकान भी भूस्खलन के खतरे की जद में आ गया है। सुरक्षा के मद्देनजर उनके मकान खाली करवा दिया गया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से विद्यालय का निरीक्षण करने और बच्चों की पढ़ाई के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करने की मांग की है। उधर, अर्सू पंचायत की टिकरी कैंची में बंद कलवर्ट के कारण दुकानों में पानी और मलबा घुस गया। निरमंड के एसडीएम जगदीप सिंह राठौर ने बताया कि प्राथमिक स्कूल पांकवा भूस्खलन से क्षतिग्रस्त हो गया है। प्रशासन ने सामुदायिक भवन में कक्षाएं लगाने की व्यवस्था की है। राजस्व विभाग की टीम मौके पर नुकसान का आकलन कर रही है। प्रभावित बागवानों और ग्रामीणों को राहत नियमावली के अनुसार मदद दी जाएगी।
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