धूमधाम से आयोजित हुआ पारंपरिक मेला, दिनभर चला नाटियों का दौर
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मेले में तीर्थन वैली से आए देवता पांचवीर विशेष रूप से रहे मौजूद
संवाद न्यूज एजेंसी
निरमंड (कुल्लू)। निरमंड के शलाट गांव में ऐतिहासिक निरशू मेला देव विदाई के साथ संपन्न हो गया। दो दिवसीय यह मेला स्थानीय देवता शलाट के सानिध्य में आयोजित हुआ। मेले में कुल्लू की तीर्थन वैली से देवता साहिब पांचवीर को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया था। दो दिन तक दोनों देवताओं के साथ नाच गानों और नाटियों का खूब दौर चला। मेले में आए देवताओं ने क्षेत्र के लोगों को सुख-समृद्धि का आशीर्वाद दिया। ग्रामीणों ने नम आंखों से देवता को विदाई दी। इस बार मेला कमेटी ने तीर्थन वैली बठाहड़ (घलियाड) के देवता साहिब पांचवीर को मेले में मेहमान के रूप में आमंत्रित किया था। दो दिन तक क्षेत्र के विभिन्न इलाकों से आए ग्रामीणों ने मेले का आनंद लिया। देव परंपरा के तहत आयोजित हुए इस मेले में लोगों ने देवताओं का आशीर्वाद प्राप्त किया। पारंपरिक वाद्ययंत्रों की धुनों पर ग्रामीणों ने नाटियों का खूब दौर चलाया। मेले के समापन अवसर पर नोर पंचायत प्रधान काहन चंद जोशी बतौर मुख्यातिथि मौजूद रहे। मेला कमेटी के प्रधान रोशन लाल जोशी ने बताया कि इस मेले को सदियों से मनाया जा रहा है और इसमें कई बदलाव किए गए है, लेकिन मेला हर साल एक पुरानी संस्कृति की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि सदियों से चली आ रही परंपरा के तहत यह दो दिवसीय मेला आयोजित हुआ, जिसमें क्षेत्र के हजारों लोगों ने भाग लिया। मेले के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रम भी पेश किए गए। मुख्यातिथि ने सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश करने वाले कलाकारों को सम्मानित किया। इस मौके पर चेतन जोशी, अंशू, गोपाल सहित कई अन्य लोग मौजूद रहे।
श्लाट का निरशु मेला के समापन पर सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश करती महिलाएं। संवाद