विभागीय जांच में सामने आए तथ्य, घटना में कई घर हो गए थे बेघर, उपदमकल केंद्र पर लगे थे लापरवाही के आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहड़ू। आदेशक गृह रक्षा द्वितीय वाहिनी शिमला आरपी नेपटा ने कहा कि दरोटी गांव में आग लगने की सूचना के तुरंत बाद दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई थी। विभाग की ओर से की गई जांच में यह तथ्य सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि घटना के दौरान लोगों की ओर से मीडिया के सामने लगाए गए आरोप निराधार पाए गए हैं। प्रेस को जारी बयान में आरपी नेपटा ने कहा दरोटी गांव में आग की सूचना दमकल केंद्र पहुंचकर पंकज देष्टा ने दो सितंबर 11:46 मिनट पर टिक्कर उपदमकल केंद्र में दी। एक मिनट के भीतर यहां से दरोटी गांव के लिए दमकल दस्ता रवाना हो गया और उन्होंने रातभर आग पर काबू पाने का कार्य किया। दरोटी गांव में दाे सितंबर की रात को हुए अग्निकांड में कई लोग बेघर हो गए थे। यहां से कुछ दूरी पर ही दमकल केंद्र है। इस दौरान लोगों ने आरोप लगाया था कि दमकल कर्मियों ने फोन नहीं उठाया तो पंकज देष्टा स्वयं पैदल चलकर दमकल केंद्र पहुंचे। विभागीय जांच में सामने आया की सूचना के एक मिनट बाद दमकल दस्ता दरोटी गांव के लिए रवाना हो गया था। इस मामले में स्थानीय लोगों के बयान भी दर्ज किए गए हैं।