अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश किन्नौर स्थित रामपुर की अदालत ने सुनाया फैसला
अदालत ने तीनों दोषियों पर 20-20 हजार जुर्माना भी लगाया
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। चिट्टा के साथ दबोचे गए तीन दोषियों पर अपराध सिद्ध होने पर अदालत ने एक-एक वर्ष के सशक्त कारावास और 20-20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत के सख्त निर्णय से चिट्टा तस्करों में भी डर बना हुआ है। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश किन्नौर स्थित रामपुर की अदालत ने वीरवार को चिट्टा के साथ दबोचे गए तीन दोषियों सजा सुनाई। इसमें आदित्तल (29), निवासी पलजारा, तहसील रामपुर, जिला शिमला, अजय कुमार (23), निवासी रामपुर बुशहर जिला शिमला और अर्जुन (24) निवासी पांगी, जिला किन्नौर शामिल हैं। तीनों दोषियों को एक-एक वर्ष का सशक्त कारावास और 20-20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है। फैसले की जानकारी देते हुए जिला उप न्यायवादी कमल चंदेल ने बताया कि दिनांक 10 अगस्त 2019 को पुलिस ने तीनों उपरोक्त आरोपियों को शहर के पाटबंगला में 9.45 ग्राम चिट्टा के साथ पकड़ा था। समय करीब सुबह चार बजे ये लोग एक गाड़ी में बैठे थे। पुलिस ने शक के आधार पर डेशबोर्ड की तलाशी ली तो उसमें एक प्लास्टिक की पुड़िया बरामद हुई। इस पुड़िया से 9.45 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। मुकदमे की तफ्तीश मुख्य आरक्षी हुक्म लाल ने अमल में लाई। अदालत में 12 गवाहों के साक्ष्य दर्ज किए गए। साक्ष्यों और दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने यह फैसला सुनाया। सरकार की और से मुकदमे की पैरवी जिला उप न्यायवादी कमल चंदेल और केएस जरयाल ने की।