रामपुर, झाकड़ी, बायल, नीरथ और बिथल में विरोध प्रदर्शन
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। केंद्रीय बजट जनता और राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था पर लूट का खाका है। यह बजट इज ऑफ डूइंग बिजनेस के नाम पर राष्ट्रीय संपत्ति, सेवा, उपक्रम, बुनियादी ढांचे और संसाधनों को पूंजीपतियों के हाथ सौंपने की पहल को जारी रखता है। यह बात रामपुर में केंद्रीय बजट के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान सीटू नेताओं ने कही। बुधवार को सीटू से संबधित यूनियनों ने केंद्रीय बजट के विरोध में रामपुर, झाकड़ी, बायल, नीरथ और बिथल में प्रदर्शन किए। प्रदर्शनों को सीटू जिला सचिव अमित, किसान सभा जिला सचिव शिमला, रणजीत, नीलदत्त, राजपाल, दिनेश मेहता, गुरदास, कामराज, संजीव, प्रमोद, तिलक, मंजीत, लोकेंद्र, सुनील जिष्टू, आशा और देवेंद्र ने संबोधित किया। सीटू नेताओं ने कहा कि केंद्रीय बजट में परमाणु ऊर्जा एवं कृषि जैसे संवेदनशील क्षेत्र को भी कार्पोरेट हाथों में सौंप देने की बात कही गई है। बीमा और बिजली क्षेत्र के निजीकरण में भी 100 फीसदी प्रत्यक्ष विदेशी निवेश की इजाजत देने का प्रस्ताव है। मजदूर नेताओं ने कहा कि बजट में किसानों के लिए वैधानिक एमएसपी, शहरी रोजगार गारंटी योजना, सार्वजनिक और सरकारी क्षेत्र में रोजगार सृजन के लिए कदम, असंगठित, अनुबंधित, अनौपचारिक और ठेका श्रमिकों के लिए ठोस सुझाव, स्कीम वर्करों के लिए एवं सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करने, ईपीएफ के तहत पेंशन में बढ़ोतरी, पेट्रोलियम उत्पाद शुल्क दरों में कटौती के संबंध में कोई घोषणा नहीं की गई। जीएसटी कानून में संशोधन के जरिए आवश्यक खाद्य वस्तुओं, दवाओं, चिकित्सा उपकरणों और स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम पर जीएसटी न लगाने की मांग पर भी कोई ध्यान नहीं दिया गया है। इस मौके पर पूजा, राहुल, चंद्रपाल, प्रदीप, योगराज, राज, भुवनेश, संदीप, विनोद, राज बब्बर, सूना मणि, उर्मिला, नीमू, टीटू खन्ना, देवेंद्र, अंबिका और योगेश सहित कई अन्य मौजूद रहे।
केंद्रीय बजट के विरोध में झाकड़ी में सीटू कार्यकर्ताओं ने किया प्रदर्शन। संवाद
केंद्रीय बजट के विरोध में झाकड़ी में सीटू कार्यकर्ताओं ने किया प्रदर्शन। संवाद