रिकांगपिओ बाजार में प्रदेश सरकार के खिलाफ भाजपा कार्यकर्ताओं ने निकाली रैली
संवाद न्यूज एजेंसी
रिकांगपिओ(किन्नौर)। निगुलसरी में एनएच-पांच पर भूस्खलन का कोई समाधान न होने पर भारतीय जनता पार्टी किन्नौर ने प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रोष प्रकट किया। जिला मुख्यालय रिकांगपिओ में शुक्रवार को पूर्व प्रदेश वन निगम उपाध्यक्ष सूरत सिंह नेगी की अध्यक्षता में आक्रोश रैली निकालकर निगुलसरी ब्लैक प्वाइंट के स्थायी समाधान की मांग उठाई। सूरत नेगी ने कहा कि निगुलसरी के पास एनएच-पांच के कई बार बंद होने के कारण से मटर और सेब सीजन में बागवानों को परेशान होना पड़ रहा है। प्रदेश सरकार ने अभी तक निगुलसरी ब्लैक प्वाइंट का कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला है। उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार ने रिकांगपिओ में पार्किंग बनाई, ताकि किन्नौर की जनता को फायदा मिल सके। लेकिन कांग्रेस सरकार में एक ही ठेकेदार को काम सौंप दिया है। इस कारण किन्नौर के जनता को पार्किंग शुल्क अधिक देना पड़ रहा है। वहीं, किन्नौर भाजपा अध्यक्ष यशवंत नेगी ने कहा कि कांग्रेस सरकार में राज्य कर्मचारी और व्यापारी दुखी हैं। रैली के बाद भारतीय जनता पार्टी जिला किन्नौर के कार्यकर्ताओं ने निगुलसरी की समस्या को लेकर उपायुक्त किन्नौर डाॅ. अमित कुमार शर्मा को ज्ञापन सौंपा। उनका कहना है कि पिछले चार वर्षों से निगुलसरी से चौरा के बीच में भूस्खलन के कारण लगातार एनएच-पांच अवरुद्ध हो रहा है। इसको ध्यान में रखते हुए भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने अक्तूबर 2022 को एक वैकल्पिक सड़क के रूप में भावानगर से छोटा कंबा मोड़ से होते हुए राष्ट्रीय मार्ग का वैकल्पिक सड़क को 11 करोड़ 77 लाख 44 हजार की लागत से स्वीकृत किया था, लेकिन मंत्री जगत सिंह नेगी राजनीतिक बदले की भावना से इस कार्य को पिछले डेढ़ वर्षों से नहीं कर रहे हैं। इस कारण आज समस्त किन्नौर वासियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने प्रदेश सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर समय पर एनएच-पांच निगुलसरी का स्थायी समाधान नहीं किया गया, तो जन आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर कई भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे। वहीं, उपायुक्त किन्नौर डाॅ. अमित कुमार शर्मा ने कहा कि 3.75 करोड़ से ज्यूरी से कास्थल तक सड़क बनाने का प्रस्ताव सरकार को भेजा है।