. अधिशासी अभियंता रजनीश वर्मा स्थिति का जायजा लेने के लिए पांच किलोमीटर पैदल चले
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. निरीक्षण के दौरान लंबे समय से ठप पड़ी सिंचाई लाइनों को बहाल करने के दिए निर्देश संवाद न्यूज एजेंसी चौपाल (रोहड़ू)। जल शक्ति विभाग मंडल नेरवा के अधिशासी अभियंता रजनीश वर्मा ने उपमंडल कुपवी की पेयजल और सिंचाई योजनाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने हीड़ा भलवान, नोरा बोरा, कुलग, मंझोली और कांडा बनाह समेत कई पंचायतों का दौरा किया। इस दौरान दुर्गम क्षेत्रों में स्थिति का जायजा लेने के लिए वे लगभग पांच किलोमीटर पैदल चले। निरीक्षण के दौरान लंबे समय से ठप पड़ी सिंचाई लाइनों को बहाल करने के निर्देश दिए गए। ग्रामीणों की समस्याओं को सुनकर मौके पर ही उनका निवारण भी किया गया।
जल शक्ति विभाग के प्रयासों से चड़ोली पंचायत में किसानों की तकदीर बदली है। पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने विभाग की तत्परता के लिए आभार व्यक्त किया। विकास कार्यों को गति देने के लिए अधिशासी अभियंता रजनीश वर्मा ने उपमंडल कुपवी के ठेकेदारों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में लगभग 4 करोड़ रुपये की लागत के सभी स्वीकृत कार्यों को आगामी दो माह में पूरा करने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों और ठेकेदारों को निर्माण कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता बनाए रखने की सख्त हिदायत दी गई। चड़ोली पंचायत में 30 लाख रुपये की लागत से नए टैंकों के निर्माण और 8-10 किलोमीटर पाइपलाइन बिछाने की योजना भी प्रस्तावित है। ग्रामीणों ने इस कार्यशैली का स्वागत करते हुए कहा कि इससे किसानों को सीधा आर्थिक लाभ मिल रहा है।
पंचायत प्रधान राहुल समटा के अनुसार, सिंचाई की बेहतर व्यवस्था से इस वर्ष फल और सब्जी उत्पादन से लगभग 4 करोड़ रुपये की आय हुई है। अधिशासी अभियंता रजनीश वर्मा ने दुर्गम क्षेत्रों में लगभग पांच किलोमीटर पैदल चलकर योजनाओं का जायजा लिया। इस दौरान विभागीय सहायक अभियंता, कनिष्ठ अभियंता और स्थानीय जनप्रतिनिधि भी उनके साथ थे। उन्होंने ठप पड़ी सिंचाई लाइनों को तुरंत बहाल करने के निर्देश दिए। ग्रामीणों की समस्याओं को मौके पर ही सुनकर उनका समाधान किया गया। अधिशासी अभियंता ने ठेकेदारों के साथ बैठक कर विकास कार्यों की समीक्षा की। लगभग 4 करोड़ रुपये की लागत के स्वीकृत कार्यों को आगामी दो माह में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। निर्माण कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। विभाग ने आश्वासन दिया है कि आगामी दिनों में अन्य बची हुई पंचायतों का भी निरीक्षण कर पेयजल आपूर्ति दुरुस्त की जाएगी।