फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

देश के सभी कर्मचारियों को मिलना चाहिए पुरानी पेंशन योजना का लाभ : देविंद्र

विज्ञापन
विज्ञापन
पेंशन सरकारी खर्च नहीं, बल्कि कर्मचारियों का अर्जित अधिकार
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
आनी (कुल्लू)। देश में सभी कर्मचारियों को पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) का लाभ मिलना चाहिए। यह केवल आर्थिक मुद्दा नहीं, बल्कि कर्मचारियों के सामाजिक न्याय और भविष्य की सुरक्षा से जुड़ा विषय है। आनी में समाजसेवी देविंद्र सिंह प्रेमी ने कहा कि पुरानी पेंशन योजना के तहत सेवानिवृत्त कर्मचारी को उसके अंतिम वेतन का 50 प्रतिशत पेंशन के रूप में मिलता था, जो महंगाई भत्ते के साथ बढ़ता रहता था। इससे कर्मचारियों को जीवनभर सम्मानजनक और सुरक्षित जीवन की गारंटी मिलती थी, लेकिन वर्ष 2004 में केंद्र सरकार की ओर से नई पेंशन योजना (एनपीएस) लागू करने के बाद यह सुरक्षा खत्म हो गई है। अब कर्मचारियों का भविष्य शेयर बाजार और निवेश योजनाओं की स्थिति पर निर्भर है, जिससे उनमें असुरक्षा की भावना बढ़ी है। देविंद्र सिंह प्रेमी ने कहा कि ओपीएस सामाजिक सुरक्षा का मजबूत स्तंभ था, जो कर्मचारी और उसके परिवार दोनों के लिए जीवनभर सुरक्षा कवच का काम करता था। वहीं, एनपीएस में इस स्थायी गारंटी का अभाव है। उन्होंने कहा कि राजस्थान, छत्तीसगढ़, हिमाचल प्रदेश और झारखंड जैसे राज्यों ने पहले ही पुरानी पेंशन योजना को बहाल किया है, जिससे न तो अर्थव्यवस्था पर कोई बड़ा असर पड़ा और न विकास कार्य प्रभावित हुए हैं। उन्होंने कहा कि पेंशन सरकारी खर्च नहीं, बल्कि कर्मचारियों का अर्जित अधिकार है। केंद्र सरकार को इसे नैतिक और संवैधानिक जिम्मेदारी मानते हुए देशभर में पुरानी पेंशन योजना लागू करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यह कदम न केवल कर्मचारियों के आर्थिक भविष्य को सुरक्षित करेगा, बल्कि शासन-प्रशासन में विश्वास और स्थिरता भी बढ़ाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें