चूड़धार की पहाड़ी पर जमा ताजा हिमपात। संवाद
12 हजार फीट की ऊंचाई पर बिजली के कर्मचारियों ने दिखाया जज्बा
संवाद न्यूज एजेंसी
चौपाल(रोहड़ू)। चौपाल में शिरगुल महादेव की तपोस्थली चूड़धार में पिछले सात दिन से बाधित बिजली आपूर्ति आखिरकार वीरवार शाम को बहाल हो गई। समुद्र तल से 11,965 फीट की ऊंचाई पर, जहां ऑक्सीजन कम और चुनौतियां ज्यादा थीं, वहां बिजली बोर्ड के 20 कर्मचारियों ने छह फीट बर्फ और घने जंगल के बीच दस घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद बिजली को बहाल किया। शुक्रवार और मंगलवार को हुई भारी बर्फबारी ने 14 किलोमीटर लंबी हाई वोल्टेज लाइन को क्षतिग्रस्त कर दिया था। लोगों को उम्मीद ही नहीं थी कि चूड़धार में इतनी जल्दी बिजली बहाल हो पाएगी। कमर तक जमी बर्फ और घने जंगलों के बीच सुबह 9 बजे से शाम 7 बजे तक 10 घंटे बिजली कर्मचारियों ने काम किया। सहायक अभियंता हिमांशु नैनवाल के नेतृत्व में टीम सुबह 9 बजे भारी उपकरणों के साथ निकली और शून्य से नीचे के तापमान में एक-एक फाल्ट को ठीक किया। जैसे ही शाम 7 बजे मंदिर परिसर और स्वामी कमलानंद जी का आश्रम रोशनी से जगमगा उठा, वहां मौजूद हर शख्स की आंखें सफलता की खुशी में चमक उठीं। इस दौरान 'हर-हर महादेव' के जयकारों ने कर्मचारियों की सारी थकान मिटा दी। अधिशासी अभियंता गोवर्धन दिलटा के मार्गदर्शन और सहायक अभियंता हिमांशु नैनवाल की मौजूदगी ने फील्ड स्टाफ का मनोबल बनाए रखा, जिससे यह नामुमकिन काम संभव हो सका। उधर, पहली बर्फबारी के बाद फील्ड में डटे इन कर्मचारियों और अधिकारियों की क्षेत्र में खूब सराहना हो रही है।