आनी (कुल्लू)। देवभूमि कुल्लू जिला लगातार नशे की गिरफ्त में फंसता जा रहा है। जिले के आनी में नशे के खात्मे के लिए सैकड़ों जागरूकता शिविर लगाए जा चुके हैं और पुलिस प्रशासन भी युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के बारे लगातार जागरूक कर रहा है, लेकिन बावजूद इसके नशे के खात्मे को लेकर सरकार और पुलिस प्रशासन के सभी अभियान और कार्य हवा हवाई नजर आ रहे हैं।
क्षेत्र के लोगों में भय है कि कहीं कोई खतरनाक गिरोह तो नहीं है, जो यहां के युवाओं को इस नशे के जाल में फंसाकर उनका भविष्य खत्म करने पर तुला है। अभिभावक भी अपने बच्चों के भविष्य को लेकर चिंतित हैं।
आनी क्षेत्र के युवाओं और विद्यार्थियों के अभिभावक इस पर पूरी नजर रखें कि कहीं आपके लाडलों को नशे ने अपनी गिरफ्त में तो नहीं ले लिया है। क्योंकि आनी पुलिस ने विस क्षेत्र के विभिन्न स्थानों से करीब आठ किलोग्राम चरस बरामद की है। कुछ युवकों को पुलिस ने रंगे हाथों भी पकड़ा है। यही नहीं आनी में लावारिस रूप से रखी गई करीब एक किलो चरस भी पुलिस ने बरामद की है। दो दिन पूर्व भी क्षेत्र में डेढ़ किलोग्राम चरस आनी पुलिस ने पकड़ी है। हालांकि इन मामलों में बाहरी राज्यों के लोग भी संलिप्त हैं, लेकिन पुलिस छानबीन में जुटी है। अब सवाल उठता है कि आखिर यह खेप कहां से लाई जा रही है? आनी में सिर्फ चरस का कारोबार ही नहीं, बल्कि चिट्टे जैसे खतरनाक नशे में भी कुछ युवा संलिप्त पाए गए हैं, जो कि बेहद चिंता का विषय है। नशे के खात्मे को लेकर कई जागरूकता अभियान छेड़े जा चुके हैं। महिला मंडल, युवक मंडल सहित कई सामाजिक संस्थाएं नशे के खात्मे को लेकर युवाओं को आए दिन जागरूकता शिविरों के माध्यम से जागरूक करने में जुटी हैं, लेकिन नशे का कारोबार फिर भी धड़ल्ले से फल फूल रहा है।
क्षेत्र की जिप सदस्य ममता ठाकुर, जिप सदस्य लोकेंद्र कुमार, पंचायत समिति अध्यक्ष अंजना भारती ने पुलिस प्रशासन से नशे के खात्मे को लेकर ठोस कदम उठाने की मांग की है। उधर, इस बारे में डीएसपी आनी तेजेंद्र वर्मा का कहना है कि इस वर्ष पुलिस ने करीब आठ किलोग्राम चरस पकड़ी है। उन्होंने कहा कि नशे के खात्मे को लेकर पुलिस लगातार प्रयासरत है। नशा उन्मूलन को लेकर 12 नवंबर से 15 दिसंबर तक विशेष अभियान छेड़ा गया था।