अमर उजाला ब्यूरो
रामपुर बुशहर।
रामपुर में रविवार को 13 देवी-देवताओं के आगमन के साथ ही जिला स्तरीय फाग मेले का आगाज हुआ। देवताओं के साथ हजारों देवलु वाद्य यंत्रों की धुनों पर नाचते गाते हुए रामपुर पहुंचे। देवी-देवताओं के जयकारे से रामपुर गूंज उठा। लोगों ने देवताओं के आगे शीश नवाया और आशीर्वाद लिया। नगर परिषद ने राज दरबार में देवी-देवताओं का स्वागत किया। इस मौके पर दरबार मैदान में भारी संख्या में लोग मौजूद रहे। रविवार दोपहर 1:30 बजे से राजमहल परिसर में देवी और देवताओं का आगमन शुरू हुआ।
महल परिसर के प्रवेश द्वार पर मेला आयोजक नगर परिषद और प्रशासन के अधिकारियों ने देवताओं का स्वागत किया। महल के गेट पर देवी, देवताओं के पहुंचने पर पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने उनका पारंपरिक रूप से स्वागत किया और उनसे आशीर्वाद लिया। इस दौरान नगर परिषद अध्यक्ष मीना कुमारी, उपाध्यक्ष दीपक सूद, कार्यकारी अधिकारी बीआर नेगी ने सभी देवताओं का माला पहनाकर स्वागत किया। देवी, देवताओं ने महल परिसर के गेट के साथ बनी राजगद्दी को भी आशीर्वाद दिया। इस बार मेले में बासाहरू, जाख देवता रचोली, गसो, देवता साहिब डंसा, देवता साहिब शिंगला, देवी साहिबा बाड़ी, देवता साहिब बुच्छैर आनी, देवता साहिब मैलन, देवता साहिब शलाट, देवता साहब चाटी, छोटू देवता कीम, महासू देवता थेड़ा और देवता साहब सूमा अपने देवलुओं के साथ पहुंचे हैं। चार दिवसीय मेले में लोग देवलुओं की पारंपरिक नाटी का लुत्फ उठाएंगे। नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी बीआर नेगी ने बताया कि देवी-देवताओं और उनके साथ आए देवलुओं के ठहरने की पूरी व्यवस्था कर दी है। परिषद की ओर से इन देवताओं के पास एक-एक कर्मचारी की ड्यूटी भी लगाई गई है। महल के प्रवेश द्वार पर नगर परिषद के सभी पार्षद मौजूद रहे।