सांगला (किन्नौर)
अमर उजाला ब्यूरो
जनजातीय जिला किन्नौर में बर्फबारी के 12 दिन बाद भी जिले की ग्रामीण सड़कों पर निगम की बसों की आवाजाही नहीं हो सकी है। इससे लोगों को परेशानियों से दो-चार होना पड़ रहा है। 12 दिन बीत जाने के बाद भी सरकार और परिवहन निगम ग्रामीण क्षेत्रों में बस सेवा बहाल करने में नाकाम साबित हो रहे हैं।
ग्रामीण सड़कों पर भारी बर्फ होने से निगम की बसों की आवाजाही नहीं हो पा रही है। हालांकि, लोक निर्माण विभाग ने बर्फबारी के तुरंत बाद जिले के सभी ऊंचाई वाले ग्रामीण क्षेत्रों में सड़को पर पड़ी बर्फ को हटा दिया है, लेकिन निगम की बसों की आवाजाही नहीं हो पा रही है। इसके चलते जिले के दुर्गम क्षेत्र के हजारों लोगों को आय दिन अपनी जरूरतमंद चीजों को लेकर बाजार से अपने गंतव्यों तक पहुंचने के लिए असुविधा हो रही है। वहीं कई लोगों को भारी भरकम पैसा देकर टैक्सी में सफर करना पड़ रहा है। जिले की सीमा से सटे गांव छितकुल, हांगो, नेसंग और आसरंग में 12 दिन से निगम की बसों की आवाजाही ठप पड़ी है। ऐसे में दुर्गम क्षेत्र के लोगों को समस्याओं से दो-चार होना पड़ रहा है। पंचायत उपप्रधान छितकुल अरविंद नेगी, पूर्व पंचायत प्रधान मुकेश नेगी, एसटी मोर्चा जिला अध्यक्ष एडवोकेट प्रविंद्र सिंह नेगी, उपप्रधान सांगला भूपेश नेगी, अशोक नेगी, यूसी नेगी, टाशी वांगग्यूर नेगी, सुनील नेगी, सूरज नेगी सहित कई अन्य लोगों ने प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन से मांग की है कि जल्द लोगों को बस की सुविधा दी जाए। उधर, परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक प्रेम कश्यप ने कहा कि इन चार रूटों पर भारी बर्फ भारी के बाद सड़कों की खतरनाक स्थिति को देखकर आधे तक ही बसों को भेजा जा रहा है। जैसे ही सड़कों की हालात में सुधार होगा, शीघ्र बसों की आवाजाही करवाई जाएगी। इधर, लोक निर्माण विभाग के एक्सईएन कल्पा एमआर नेगी और एक्सईएन भावानगर पीसी नेगी ने बताया कि जिले के सभी ग्रामीण क्षेत्रों में बर्फ तो हटा दी है, वाहनों की आवाजाही के लिए सड़क खुली है।