ट्रैकिंग दल को सुरक्षित सांगला पहुंचाया
21 सितंबर को डोडरा कवार से जाखा के निकले थे सात युवक
आईटीबीपी और पुलिस ने जवानों ने वीरवार को सांगला पहुंचाया दल
बर्फबारी होने के कारण रूपीन दर्रे के पास फंस गया था ट्रैकिंग दल
अमर उजाला ब्यूरो
सांगला (किन्नौर)। शिमला जिले के डोडरा कवार से सांगला की तरफ ट्रैकिंग के लिए निकले छह युवकों के दल को वीरवार को आईटीबीपी और पुलिस के जवानों ने सुरक्षित सांगला पहुंचाया। 21 सितंबर को डोडरा कवार से जाखा के लिए निकला यह दल लगातार बारिश के चलते समयानुसार सांगला नहीं पहुंच पाया। पांच दिन बाद भी जब युवकों का दल सांगला नहीं पहुंचा तो उनकी छानबीन के लिए रोहड़ू और किन्नौर से रेस्कयू टीम 25 सितंबर से खोज पर निकली थी। रूपीन दर्रे के साथ इस दल को आईटीबीपी के जवानों और सांगला पुलिस ने स्थानीय गाइड की मदद से सुरक्षित खोजा और बचाव कार्य कर वीरवार को सांगला पहुंचाया। यहां से इन्हें मेडिकल जांच के बाद घर रवाना किया गया है।
जुब्बल-कोटखाई से निकले ट्रैकरों के दल में शामिल आशुतोष शर्मा, (21), गांव जारक, तहसील जुब्बल जिला शिमला, आषुतोश छाजटा (21) गांव गयान, तहसील जुब्बल जिला शिमला, निखिल ठाकुर (21) गांव बाकन, तहसील जुब्बल जिला शिमला, हनी (27), गांव दाडीहंसा, तहसील जुब्बल जिला शिमला, पुनीत (27), गांव बाकन तहसील जुब्बल जिला शिमला, वीपराज शर्मा (21) गांव बाकन, तहसील जुब्बल, जिला शिमला, विजय कुमार (23), गांव रोहडू, जिला शिमला ने बताया कि बीते शुक्रवार को हो रही तेज बारिश के कारण जाखा के नजदीक ही एक पुल बह गया था, ऐसे में वे न तो रोहडू की तरफ जा सकते थे और न ही किन्नौर जिले के सांगला के ओर। उन्हें अपने निर्धारित स्थान पर पहुंचने में वक्त लगा। हालांकि उनके पास खाने पीने की पूरी व्यवस्था थी। इन युवाओं ने किन्नौर पुलिस और आईटीबीपी की 50वीं वाहिनी का मदद के लिए आभार जताया। एसपी किन्नौर साक्षी वर्मा ने कहा कि ट्रैकिंग दल के सभी सदस्य स्वस्थ हैं। सभी युवाओं का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सांगला में मेडिकल करवाकर उन्हें घर रवाना कर दिया गया है।