रतन लाल नेगी
रिकांगपिओ (किन्नौर)। जिला किन्नौर के सेब की मांग मंडियों में बढ़ती जा रही है। उद्यान विभाग जिला किन्नौर के चौरा में बैरियर लगाकर सेब की मंडियों का पूरा ब्योरा रखा जाता है। जिले के बागवान 9 मंडियों में अपनी फसल को बेचते हैं। अभी तक जिले से 28,855 सेब की पेटियां और 99 बैग 260 गाड़ियों के माध्यम से मंडी पहुंचाई गई हैं। उद्यान विभाग किन्नौर से मिली जानकारी के अनुसार, रतनपुर सेब मंडी में अभी तक 5,989 सेब के बॉक्स 97 गाड़ियों के माध्यम से पहुंचाए गए हैं। शिमला सेब की मंडी में अभी तक कोई सेब की पेटी नहीं भेजी गई है। सोलन सेब मंडी में 12 गाड़ी के माध्यम से 2,469 बॉक्स, चंडीगढ़ मंडी में 21 गाड़ी के माध्यम से 3,288 पेटियां, दिल्ली सेब मंडी में आठ गाड़ियों के माध्यम से 2,655 बॉक्स, मुंबई सेब की मंडी में छह गाड़ियों के माध्यम से 2,566 सेब की पेटियां, बिथल सेब मंडी में 21 गाड़ियों से 1,818 सेब की पेटियां, सैंज-खेगसू में 29 गाड़ियों के माध्यम से 2,693 बॉक्स, मतियाना सेब मंडी में 19 गाड़ियों के माध्यम से 1,981 के बॉक्स भेजे गए हैं। परमाणु सेब की मंडी में नौ गाड़ियों में 171 सेब के बॉक्स पहुंच गए हैं। पिछले साल किन्नौर सेब की मांग सबसे पहले दिल्ली में हुई। उसके बाद चंडीगढ़ और मुंबई की मंडियों में अधिक खपत हुई थी।
अभी तक किन्नौर से कुल 28,855 सेब के बॉक्स और 99 सेब के बेग को 260 गाड़ियों से प्रदेश की विभिन्न मंडियों में पहुंचाया गया है। किन्नौर लिए अभी तक 59,426 कार्टन और 5,468 ट्रे बंडल्स पहुंच चुका है।
डॉ. भुपेंद्र नेगी, उपनिदेशक, उद्यान विभाग किन्नौर
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