रोहड़ू। शिरगुल महाराज की तपोस्थली चूड़धार में लंगर की व्यवस्था प्रारंभ हो चुकी है। सेवा समिति के नव निर्वाचित भंडारा अध्यक्ष सीता राम जस्टा ने बताया कि 15 मई को चूड़धार में भगवान शिरगुल की पूजा अर्चना के उपरांत चूड़ेश्वर सेवा समिति के अध्यक्ष बीएम नंटा और सेवा समिति चौपाल के अध्यक्ष हरी नंद मेहता की उपस्थिति में लंगर की विधिवत शुरुआत की गई।
सीता राम जस्टा ने बताया कि अब लंगर व्यवस्था शुरू होने से चूड़धार आने वाले श्रद्धालुओं को अब भोजन की चिंता करने की कोई आवश्यकता नहीं है। श्रद्धालु अपने आराध्य शिरगुल महाराज की पूजा अर्चना एवं 12 फुट ऊंची चूड़धार चोटी की यात्रा व ट्रेकिंग के दौरान चूड़ेश्वर सेवा समिति की ओर से लगाए गए लंगर में भोजन कर सकते हैं।
उन्होंने चूड़धार आने वाले श्रद्धालुओं व ट्रैकर्स से अनुरोध किया है कि लंगर ग्रहण करने के दौरान शान्ति व स्वच्छता बनाए रखते हुए भंडारा आयोजकों का सहयोग करें। समिति के सदस्य मदन चौहान ने चूड़धार आने वाले यात्रियों से आग्रह किया है कि यात्रा के दौरान चूड़धार के रास्ते में भी सफाई व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें। रास्ते में कूड़ा कचरा और पॉलीथिन आदि न डालें जिससे धार्मिक स्थल व इसके रास्ते की सुंदरता बरकरार रह सके।