फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मारपीट के मामले में पिता और दो पुत्रों को एक-एक साल कारावास

विज्ञापन
विज्ञापन
रोहडू। लोक निर्माण विभाग में तैनात एसडीओ के साथ मारपीट के आरोप में न्यायालय ने पिता व उसके दो बेटों को दोषी करार दिया है। तीनों दोषियों को न्यायालय ने एक साल कारावास व पंद्रह सौ रुपये जुर्माने की सजा के आदेश दिए हैं। एसीजेएम रोहडू न्यायालय ने सभी पक्षों को सुनने के बाद सामने आए साक्ष्य के आधार पर शुक्रवार को फैसला सुनाया है।
विज्ञापन

जानकारी के अनुसार लोक निर्माण विभाग में कार्यरत तत्कालीन जेई व वर्तमान में एसडीओ अनिल पथिक 30 नवंबर 2012 को सायं करीब साढे़ चार बजे रोहडू बजार से घर की ओर जा रहा था। इस दौरान रोहडू बाजार में कोऑपरेटिव बैंक के सामने सेरी निवासी पृथ्वी राज, उसके पुत्र प्रदीप उर्फ बंटी व दूसरे बेटे विक्रम ने किसी बात को लेकर पथिक का रास्ता रोक कर मारपीट की। मारपीट के दौरान अनिल पथिक को चोटे भी आई थीं। अनिल पथिक ने तीनों आरोपियों के खिलाफ रोहडू पुलिस थाने में शिकायत दर्ज की। पुलिस ने छानबीन के बाद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर न्यायालय में चालान पेश किया। न्यायालय ने सभी पक्षों को सुनने व मौके के गवाह के बयान में सामने आए साक्ष्य के आधार पर तीनों को दोषी करार दिया है। शुक्रवार को मामले की सुनवाई के दौरान एसीजेएम कोर्ट नंबर एक संदीप सिंह सेहाग ने तीनों दोषियों को भादंसं की धारा 323 के तहत एक-एक साल कारावास, एक हजार रुपये जुर्माना व 34 के तहत एक महीने कारावास व पांच सौ जुर्माने की सजा सुनाई है। सरकार की ओर से मामले की पैरवी अतिरिक्त जिला न्यायवादी चंद्र सागर नेगी ने की। उन्होंने कहा दोषियों ने बाजार में मिल कर अनिल पथिक के साथ मारपीट की थी। इसलिए न्यायालय ने उनको सजा के आदेश दिए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें