भावानगर(किन्नौर)। किन्नौर जिले के निचले क्षेत्र में बर्फबारी के 7 दिन बाद भी जनजीवन पटरी पर नहीं लौट पाया है। जिले के निचार खंड में सोमवार को बिजली सेवा बहाल हो गई है। बोर्ड के बिजली सप्लाई बहाल करने में खूब पसीने छूटे। स्टाफ के टोटे से जूझ रहे बिजली बोर्ड ने स्थानीय लोगों की सहायता बिजली सेवा बहाल करने के लिए ली।
बर्फबारी के कारण बिजली बोर्ड भावानगर डिविजन को प्रारंभिक तौर पर 10 लाख के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। बोर्ड ने जिन जगह पर बिजली के खंभे गिरे थे, वहां अस्थायी तौर पर खंभे लगा कर बिजली सप्लाई बहाल की है। अधिकांश सड़कों पर बसें नहीं चलाई जा रही हैं। बताया जा रहा है कि लोक निर्माण विभाग ने सड़क से वाहन चलने योग्य बर्फ हटा दी है। लोक निर्माण विभाग काफनू-वांगतू संर्पक मार्ग को बहाल करने का दावा कर रहा है। लोक निर्माण विभाग ने सोमवार को निचार संर्पक मार्ग को बहाल कर दिया है। बरी सड़क सोमवार को भी बहाल नहीं हो पाई है।
विभाग ने इस मार्ग से साढे़ तीन किलोमीटर तक बर्फ हटा दी है। निचार खंड के अधिकतर गांवों में आईपीएच विभाग द्वारा मुहैया करवाई गई पेयजल लाइनें अब भी पूरी तरह जम गई हैं। ऐसे में लोगों को पानी की बूंद-बूद के लिए तरसना पड़ रहा है। कई क्षेत्र के लोग बर्फ को पिघला कर पेयजल आपूर्ति कर रहे हैं।
उधर, बिजली बोर्ड के ऑपरेशन विंग के अधिशासी अभियंता जितेश नेगी ने निचार खंड के सभी गांवों में बिजली सेवा बहाल होने की पुष्टि की है। वहीं लोक निर्माण विभाग के एक्सईएन आरएल चौहान ने निचार संपर्क मार्ग बहाल होने की पुष्टि की है।