अमर उजाला ब्यूरो
रामपुर बुशहर।
ननखड़ी तहसील की देलठ और करांगला पंचायत के ग्रामीणों में पानी को लेकर उपजा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा। बीते दिनों जहां करांगला के ग्रामीणों ने पेयजल समस्या को लेकर एसडीएम रामपुर से शिकायत की थी, वहीं शुक्रवार को देलठ के ग्रामीणों ने एसडीएम रामपुर के माध्यम से आईपीएच मंत्री को ज्ञापन भेजा। ग्रामीणों ने प्रशासन और सरकार से उन्हें योजना से पेयजल आपूर्ति मुहैया करवाने की मांग की है।
देलठ के कृष्ण चंद, मस्त राम कौशल, रमेश भारद्वाज, रमेश चंद, राम लाल, गुरदयाल, रोशन लाल, उदय कुमार, कमलानंद, जिया लाल, जोबन दास, नरेंद्र गुप्ता, मोती लाल, राम दयाल, शीश पाल, वीर चंद शर्मा, रतन दास, दासू राम आदि का कहना है कि देलठ गांव में 90 फीसदी आबादी अनुसूचित जाति से संबंधित है, जो पिछले लंबे समय से पानी की समस्या से जूझ रही है। यहां पर लोगों की आर्थिक स्थिति भी अच्छी नहीं है। ग्रामीणों ने सामणू नाले से केवल आधा इंच पानी की लाइन बिछाई है। और करांगला वासी व्यर्थ ही इसका विरोध कर रहे हैं, जबकि करांगला के ग्रामीणों ने भी इसी नाले से 10-15 टैंकों के लिए पानी की पाइप बिछाई है। इसका प्रयोग सिंचाई और नर्सरी आदि के लिए भी किया जा रहा है। देलठ गांव के लोग पानी की बूंद-बूंद के लिए तरस रहे हैं। बार-बार आग्रह करने के बाद भी विभाग ग्रामीणों को पानी मुहैया नहीं करवा पा रहा। देलठ के ग्रामीणों ने कहा कि जिस पेयजल स्रोत से करांगला पंचायत को पानी की सप्लाई दी जा रही है, वहां से वर्ष 1945 में देलठ के लिए पानी की कूहल तैयार की गई थी, जिससे ग्रामीणों को पेयजल आपूर्ति होती थी। देलठ गांव का इस नाले पर पुश्तैनी अधिकार है। उधर, आईपीएच विभाग देलठ के एसडीओ उमेश शर्मा ने बताया कि नाला किस पंचायत में आता है, उसके लिए राजस्व विभाग की टीम बुलाई गई है। विभाग की ओर से सर्वे करने के बाद स्थिति साफ हो पाएगी। उधर, एसडीएम रामपुर डॉ. निपुण जिंदल ने बताया कि ननखड़ी में पेयजल समस्या को लेकर आईपीएच और राजस्व विभाग को रिपोर्ट तैयार करने को कहा गया है। रिपोर्ट मिलने के बाद ही अगला कदम उठाया जाएगा। प्रशासन सभी लोगों को पेयजल मुहैया करवाने के लिए प्रयासरत है।