सरघा पंचायत में पहाड़ी दरकी, भेड़पालक की मौत
116 भेड़ बकरियां और पशु दबे, प्रशासन ने प्रभावितों को दी फौरी राहत
अमर उजाला ब्यूरो
ब्रौ(रामपुर बुशहर)। निरमंड खंड की दुर्गम पंचायत सरघा में सोमवार दोपहर बाद एक पहाड़ी दरक गई। इसकी चपेट में आने से एक भेड़पालक की मौके पर ही मौत हो गई। इसके अलावा हादसे में 116 भेड़ बकरियां और पशु भी काल का ग्रास बन गए। प्रशासन ने प्रभावितों को फौरी राहत जारी कर दी है। पुलिस ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। मौके पर तहसीलदार निरमंड और पशु पालक विभाग की टीम भी पहुंच गई है, जो नुकसान का आकलन करने में
जुटी है।
पुलिस थाना ब्रौ से मिली जानकारी के मुताबिक सोमवार दोपहर बाद आउटर सिराज की दुर्गम पंचायत धारा सरघा के हुमकू गांव के साथ लगती पहाड़ी अचानक दरक गई। वहीं एक चट्टान के नीचे आराम कर रहे भेड़ पालक देगा नंद (65), पुत्र देर सिंह, गांव हुमकू, तहसील निरमंड की भूस्खलन की चपेट में आने से मौके पर ही मौत हो गई। इसके अलावा इस हादसे में 110 भेड़ बकरियां, 3 गाय, 2 बैल और एक खच्चर भी मरी है। घटना की सूचना पंचायत प्रधान ने संबंधित पुलिस थाना और प्रशासन को दी। सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस का दल मौके पर पहुंचा। पहाड़ी दरकने के दौरान अन्य भेड़ पालक अपनी जान बचाकर भागने में सफल हुए, जबकि मृतक देगा नंद के हादसे में चिथड़े चिथड़े उड़ गए हैं।
घटना में ग्रामीण मोहन लाल, गोविंद सिंह, सत्यदेव, बेगा नंद, सुरेश, संगत राम, रमेश कुमार, खेबी राम के 116 पशु मरे हैं, जिन्हें प्रशासन की ओर से 10-10 हजार रुपये की फौरा राहत दी गई है। वहीं प्रशासन की ओर से तहसीलदार निरमंड निरजा शर्मा और पशुपालन विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन करने में जुटी हुई है।
डीएसपी आनी रोहित मृगपुरी ने बताया कि पहाड़ी दरकने से एक भेड़पालक की मौत हो गई है, जबकि घटना के 116 भेड़ बकरियां और पशुओं की भी मौत हो गई है। पुलिस मामले की छानबीन में जुटी हुई है। एसडीएम आनी चेत सिंह ने बताया कि मृतक के परिजनों को 10 हजार की फौरी राहत, जबकि भेड़ बकरियों और पशुओं के मालिकों को भी 10-10 हजार रुपये की राहत राशि जारी की गई है।