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डोम देवता ने दिया खुशहाली का आशीर्वाद

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कुमारसैन (रामपुर बुशहर)। मतियाना के साथ लगते सीहल परगने के राओग में आराध्य देवता डोम महाराज के प्रांगण में तीन दिवसीय भुंडा महायज्ञ हुआ। महायज्ञ में राओग, रेगटु, सैइ, कुंजला, बील, केला आदि गांवों से लगभग 150 होडीदारों ने डोम देवता की पूजा अर्चना में भाग लिया। यज्ञ से खुश होकर डोम देवता महाराज ने अपने गुर के माध्यम से सभी क्षेत्रवासियों को खुशहाली व सुख समृद्धि का आशीर्वाद दिया।
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महायज्ञ के दूसरे दिन डोम देवता महाराज पालकी में अपने कारकरिंदों और कल्याणों के साथ डोल-नगाड़ों, शहनाई और करनालों के साथ काली माता मंदिर टुठडू पहुंचे। यहां पर उनकी परंपरागत विधि से क्षेत्र की सुख समृद्धि के लिए पूजा-अर्चना की गई। इसके उपरांत डोम देवता अपने स्थायी मंदिर राओग वापस पहुंचे। यहां पर उनके स्वागत के लिए हजारों लोग मौजूद रहे। महायज्ञ में डोम देवता के देवा मंगतराम वर्मा, नायब देवा पूर्ण चंद, पुजारी रोशन लाल, गंगाराम, राजेश, भंडारी राकेश वर्मा, प्रधान तारा चंद लेप्टा सहित देवता महाराज के सभी कारदार और आसपास के देवठियों से आए देवलु और हजारों लोग उपस्थित रहे। इसके अलावा ठियोग विधानसभा से कांग्रेस प्रत्याशी दीपक राठौर और महासू जिला भाजपा अध्यक्ष अजय श्याम ने भी देवता महाराज का आशीर्वाद प्राप्त किया।

भुंडे में उड़ाते हैं मास-मदिरा की दावतें
भुंडा प्राचीन पहाड़ी संस्कृति की धरोहर है। दैवीय समाज और देवठियों मे दैविक शक्ति को जागृत रखने के लिए किया जाने वाला यह सबसे बड़ा महायज्ञ है। भुंडा इष्ट देव की आज्ञानुसार आयोजित किया जाता है और उस परगने के हर घर में मनाया जाता है। भुंडा शरद ऋतु में संक्रांति को मनाया जाता है। भुंडे मे मांस-मदिरा का भरपूर प्रबंध कर दावतें उड़ाई जाती हैं। भुंडे को प्रगति का सूचक भी माना जाता है। सभी के घरों में मेहमानों का जमावड़ा लग जाता है।
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