वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक जारी रखने की मंजूरी दी
केंद्रीय कैबिनेट ने इस योजना को वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक जारी रखने की मंजूरी दी है। इसका नाम बदलकर प्रधानमंत्री दिव्यांगजन पेंशन योजना किया जाएगा। नियमों में ढील मिलने से 40 से 79 प्रतिशत दिव्यांगता वाले लोगों और दिव्यांग बच्चों को सीधा लाभ पहुंचेगा। प्रदेशभर में करीब 20,000 लाभार्थी इस योजना से जुड़े हैं। पेंशन के लिए दिव्यांगता प्रमाणपत्र, पहचान पत्र, परिवार रजिस्टर नकल, बैंक पासबुक, हिमाचली बोनाफाइड, बीपीएल प्रमाणपत्र, आय प्रमाणपत्र और पासपोर्ट फोटो अनिवार्य होंगे। केंद्र सरकार की नई अधिसूचना के तहत पेंशन राशि में 75 से 125 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। अब दिव्यांग बच्चे जन्म के समय से ही पेंशन के पात्र होंगे। -विवेक अरोड़ा, जिला कल्याण अधिकारी, सोलन