संधोल (मंडी)। हिमाचल प्रदेश पुलिस कांस्टेबल भर्ती की प्रतीक्षा कर रहे संधोल के युवाओं को चार अंकों का नुकसान होने जा रहा है। दरअसल संधोल स्कूल की एनसीसी यूनिट को वर्ष 2020 से निलंबित कर दिया गया है। इससे स्थानीय युवाओं को इससे वंचित होना पड़ा है।
हाल ही में जारी पुलिस भर्ती की अधिसूचना में एनसीसी के प्रमाण पत्र पर चार अंक दिए जाने का प्रावधान किया गया है, लेकिन यूनिट बंद होने के कारण क्षेत्र के युवा नाराज हैं। 1960 में स्थापित इस यूनिट से युवाओं ने प्रशिक्षण लेकर देश सेवा में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। 64 वर्ष पुरानी एनसीसी यूनिट के निलंबन से गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों के बच्चों के रोजगार के अवसर भी प्रभावित हुए हैं। यूनिट को बंद करने का कारण स्टाफ का अभाव और स्कूल की औपचारिकताएं पूरी न बताया गया है।
पूर्व सैनिक लीग संधोल के अध्यक्ष कर्नल खेम चंद मंढोत्रा ने बताया कि स्कूल प्रबंधन की कमी के चलते यह यूनिट निलंबित हुई है, जिसका खामियाजा स्थानीय युवा वर्ग को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने इस मामले में सांसद अनुराग ठाकुर, रक्षा मंत्रालय और एनसीसी निदेशालय से पत्राचार किया है, लेकिन अभी तक यूनिट की बहाली नहीं हो पाई है।
क्षेत्र के आधा दर्जन पंचायतों के प्रतिनिधियों ने भी पूर्व में विभिन्न सरकारों के मंत्रियों और स्थानीय सांसद अनुराग ठाकुर से गुहार लगाई थी, लेकिन यूनिट बहाल नहीं हो सकी है। स्थानीय पंचायत दत्तवाड़ के प्रधान बीर चंद, संधोल सेवा विकास एवं कल्याण समिति के अध्यक्ष मान सिंह सकलानी और नेरी पंचायत के प्रधान जितेंद्र जम्वाल ने इस निलंबन को तुरंत वापस लेने की मांग की है।