जोगिंद्रनगर (मंडी)। लोक निर्माण विभाग डिविजन जोगिंद्रनगर के अधिकारियों के खिलाफ ग्रामीणों का गुस्सा फूटा है। इस दौरान शहर में आक्रोश रैली निकालकर ग्रामीणों ने प्रदेश सरकार से जनता की मांगों को गंभीरता से न लेने वाले अधिकारियों को बर्खास्त करने की मांग उठाई। इस दौरान ग्रामीणों ने विभाग के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की।
जिला परिषद सदस्य कुशाल भारद्वाज से लोक निर्माण विभाग के अधिकारी के साथ हुई कहासुनी पर नौहली, भराडू, ब्यूंह, चौंतड़ा, टिकरी मुशहैरा के अलावा विभिन्न ग्राम पंचायतों के प्रतिनिधियों संग काफी संख्या में ग्रामीणों ने धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान लोगों के आक्रोश को देखते हुए पुलिस को भी मोर्चा संभालना पड़ा।
बुधवार को खराब मौसम के बीच रामलीला मैदान में एकत्रित हुई ग्रामीणों की भीड़ ने शहर में रोष रैली निकाली। इस मौके कुशाल भारद्वाज ने कहा कि बीते एक सप्ताह पहले वह क्षेत्र की बाधित सड़क को जब बहाल करवाने को लेकर विभागीय कार्यालय में पहुंचे थे तो उनकी समस्या को सुनने के अधिकारी ने तानाशाही रवैये को दर्शाया था।
बुधवार को जोगिंद्रनगर अस्पताल में रिक्त चल रहे चिकित्सकों के पदों को भी भरने को लेकर एसडीएम मनीश चौधरी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी ग्रामीणों ने सौंपा है। मैण भरोला पंचायत के उपप्रधान संजय जम्वाल, टिकरी मुशहैरा पंचायत के प्रधान रविंद्र और जिला परिषद सदस्य कुशाल भारद्वाज ने एसडीएम को बताया कि 13 से अधिक चिकित्सकों के पद खाली हो जाने से स्वास्थ्य सेवाएं हांफ गई हैं। रिक्त पड़े चिकित्सकों के पदों को प्राथमिकता के आधार पर भरा जाए।