मंडी शहर में कई घरों और सार्वजनिक टंकियां रहती हैं ओवरफ्लो, विभाग गंभीर नहीं
बिना नोटिस कनेक्शन काटने के दावों की भी निकली हवा, कोई कार्रवाई नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। जिला में पानी का इतना अधिक संकट हो रहा है कि 35 से अधिक पेयजल योजनाएं 75 प्रतिशत से अधिक सूख गई हैं, वहीं कई स्थानों पर पानी की बर्बादी रोकने में विभाग पूरी तरह से नाकाम है। मंडी शहर में कई घरों और सार्वजनिक स्थानों पर पानी की टंकियां ओवरफ्लो रहती हैं, जिसके चलते रोजाना हजारों लीटर पानी नालियों में बह रहा है। कई स्थानों के लिए पानी के लिए इतना अधिक हाहाकार है कि पानी की बूंद बूंद को लोग तरस रहे हैं और दूसरी तरफ पानी की बर्बाद हो रही है। मंडी शहर के ही कुछ स्थानों पर पानी रोजाना बह रहा है। विभाग को लोकेशन और शिकायतें भेजने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। मंडी शहर के जेल रोड में एक मकान में पिछले कई माह से पानी जब भी आता है इस मकान की टंकी हमेशा ओवरफ्लो रहती है। वहीं, जेलरोड में ही पानी की टंकी जो सार्वजनिक है पर लिखा है पानी को व्यर्थ न गंवाए उसी टंकी से रोजाना पानी ओवर फ्लो रहता है। इसका नल भी खराब है, जिससे पानी बहता रहता है। इसके अलावा बिजली बोर्ड को जानी वाली सड़क के साथ बने सार्वजनिक शौचालयों की टकिंया, सुहड़ा वार्ड में रखी सार्वजनिक शौचालय की टंकी व पेयजल की टंकियां रोजाना ओवरफ्लो रहती है। इसके अलावा शहर में अन्य कई स्थानों पर पानी की खूब बर्बादी हो रही, जिसे रोकने में जलशक्ति विभाग गंभीर नहीं हैं। उधर, पानी की ओवरफ्लों टंकी दिखते ही बिना नोटिस कनेक्शन काटने के दावों और अभियान की भी पोल खुल गई है और विभागीय अधिकारी फोन भी नहीं उठाते हैं। इस बारे में एक्सईएन राजकुमार सैणी, एसडीओ रोहित ठाकुर से संपर्क करना चाहा तो उन्होंने फोन नहीं उठाया।