नेरचौक (मंडी)। बल्ह घाटी में मंदी की मार झेल रहे टमाटर उत्पादकों के लिए खुशखबरी है। वीरवार को हिमसोना वैरायटी के टमाटर के दामों में उछाल आया है। अंदाज लगाया जा रहा है कि आगामी 10 दिनों में टमाटर का व्यापार और तेजी से बढ़ेगा। क्योंकि बारिश से फसल को संजीवन मिल गई है।
दस दिन पहले जिस टमाटर के दाम 200 से 300 रुपये प्रति क्रेट मिल रहे थे, अब उसके दाम 700 रुपये तक पहुंच गए हैं। हिमसोना वैरायटी का टमाटर जुलाई में और लाल होने की उम्मीद है। इससे टमाटर उत्पादकों को अच्छे दाम मिलने के आसार हैं। वीरवार को गुजरात के व्यापारियों ने हिमसोना टमाटर के एक क्रेट की 700 रुपये में खरीदा।
इस साल टमाटर की फसल जल्दी तैयार हो गई है, जिसका कारण तापमान में वृद्धि होना माना जा रहा है। सुकेती खड्ड के किनारे पैदा होने वाला टमाटर इस बार जल्दी पक कर तैयार हुआ है। शुरुआती दिनों में टमाटर उत्पादकों को मात्र 200 से 300 रुपये प्रति क्रेट तक दाम मिल रहे थे। इस कारण उत्पादकों में मायूसी थी। क्योंकि महाराष्ट्र, पंजाब और देश के अन्य हिस्सों में भी इस बार टमाटर की पैदावार अच्छी हुई है। सब्जी मंडी के आढ़तियों का मानना है कि आने वाले दिनों में टमाटर के दाम में और उछाल देखने को मिलेगा।
टमाटर के आढ़ती संतराम ने बताया कि वीरवार को हिमसोना वैरायटी का लोकल टमाटर 700 रुपये प्रति क्रेट बिका है। मंडियों में इसे ग्रेडिंग के हिसाब से खरीदा जा रहा है, क्योंकि बाहरी राज्यों की मंडियों के लिए बढ़िया क्वालिटी का टमाटर सप्लाई होता है। उन्होंने कहा कि लगातार टमाटर के दामों में उछाल देखने को मिल रहा है, क्योंकि बाहरी राज्यों से भी आढ़ती सब्जी मंडी में आना शुरू हो गए हैं।
पिछली बार मिले थे दस गुणा दाम
बल्ह घाटी के किसानों को पिछले वर्ष टमाटर के रिकॉर्ड तोड़ दाम मिले थे। टमाटर का एक क्रेट 6500 रुपये तक बिका था और कई टमाटर उत्पादकों ने करोड़ों का कारोबार किया था। सब्जी मंडी के थोक विक्रेता नंदलाल सैनी ने बताया कि इस बार भी टमाटर उत्पादकों को 700 से 1000 रुपये तक प्रति क्रेट दम मिल सकते हैं। हिमसोना वैरायटी का टमाटर की इन दिनों घाटी में भारी मांग है। आढ़तियों ने घाटी में डेरा डाल लिया है।