प्रदर्शन मूल्यांकन को सार्वजनिक करने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। स्कूल इंडिया अंडर-19 वॉलीबाल टीम के चयन को लेकर खिलाड़ियों, अभिभावकों और खेल विशेषज्ञों ने चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठाए हैं। हिमाचल प्रदेश के प्रतिभाशाली खिलाड़ी हर्षित ठाकुर के अंतिम टीम में चयन न होने के बाद यह मामला चर्चा में है। खेलो इंडिया वॉलीबाल संधोल के संचालक शैलेंद्र शर्मा ने चयन समिति से कैंप के दौरान हुए प्रदर्शन मूल्यांकन को सार्वजनिक करने की मांग की है।
रांची (झारखंड) में 8 जून से आयोजित राष्ट्रीय प्रशिक्षण शिविर में देशभर के 24 खिलाड़ियों को बुलाया गया था। विवाद तब शुरू हुआ जब 10 जून को ही अंतिम चयन सूची को लेकर चर्चाएं होने लगीं, जबकि चयन समिति की बैठक 13 जून को प्रस्तावित बताई गई थी।
हर्षित ठाकुर ने अंडर-19 स्कूल नेशनल प्रतियोगिता में बेस्ट सेटर ऑफ स्कूल नेशनल का सम्मान हासिल किया था। कैंप में भी उनके प्रदर्शन को प्रभावशाली बताया जा रहा है। ऐसे में उनके चयन न होने पर सवाल उठ रहे हैं। अभिभावकों ने मांग की है कि वीडियोग्राफी, तकनीकी रिपोर्ट, स्कोरिंग शीट और चयन मानदंड सार्वजनिक किए जाएं, ताकि चयन प्रक्रिया को लेकर उठ रहे संदेह दूर हों और पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके। उधर, स्कूल इंडिया बॉयज वॉलीबाल टीम के मुख्य कोच डॉ. शैलेंद्र का कहना है कि टीम का चयन पूरी पारदर्शिता और निर्धारित मानकों के अनुसार किया गया है।