चंबा। वन विभाग की टीम पर पथराव करने वाले आरोपियों का अभी तक पता नहीं लग पाया है। इसको लेकर विभाग ने पुलिस में शिकायत भी दर्ज करवा रखी है। अब पुलिस उन लोगों की तलाश कर रही है, जिन्होंने वन विभाग के कर्मचारियों पर पथराव किया था। अंधेरा होने के कारण कर्मचारी उन लोगों को पहचान नहीं पाए। उन्होंने सुरक्षित स्थान की आड़ लेकर खुद को पत्थरों की बौछार से बचाया। हालांकि, इसमें वनरक्षक की निजी कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। इसकी मरम्मत पर उन्हें 30 हजार रुपये खर्च करने पड़े। यह पैसे न तो विभाग ने उन्हें दिए और न ही सरकार की तरफ से कोई आर्थिक मदद मिली। जान जोखिम में डालकर देवदार की अवैध तस्करी को रोकने का इनाम वन रक्षक को अपनी गाड़ी का नुकसान उठाकर चुकाना पड़ा। वन मंडल अधिकारी कृतज्ञ कुमार ने बताया कि पुलिस में इस मामले की शिकायत दर्ज हो चुकी है। पुलिस पथर मारने वाले आरोपियों की तलाश कर रही है।