जोगिंद्रनगर (मंडी)। सर्दी की आहट शुरू होते ही बाजार हिमाचली पारंपरिक परिधानों, गर्म कपड़ों से गुलजार हो गए हैं। शहर के मुख्य बाजार में ऊनी और गर्म कपड़ों की खरीदारी के लिए भी ग्राहकों की चहलकदमी शुरू हो चुकी है।
लाहौल-स्पीति, कुल्लू व किनौरी पारंपरिक परिधान ग्राहकों की पहली पसंद बने हुए हैं। हिमाचल के पारंपरिक परिधान जिनमें कुल्लू शॉल, नेहरू जैकेट, मफलर और गर्म कपड़ों से तैयार टोपियां, स्वेटर भी काफी मात्रा में पहुंचे हैं।
इसके अलावा कंबल और रजाइयों की बिक्री को लेकर भी बाजार सज चुके हैं। स्थानीय कारोबारियों के अलावा बाहरी राज्य के कारोबारी भी गर्म कपड़े लेकर जोगिंद्रनगर शहर में कारोबार को लेकर पहुंचे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में जम्मू-कश्मीर से भी कारोबारी घर-घर पहुंचकर गर्म कपड़ों का कारोबार कर रहे हैं। वहीं रेहड़ी फड़ी मार्केट में भी गर्म जुराबें, टोपी, शॉल की बिक्री को लेकर दुकानें सज चुकी हैं।
उधर, गर्म कपड़ों के कारोबारी मनु, विनोद, मुनीष, विजेंद्र ने बताया कि ग्राहकों की मांगानुसार तीन हजार रुपये तक गर्म कपड़ों में जैकेट, शॉल, स्वेटर, पहुंचे हैं।