मंडी। अंतरराष्ट्रीय महाशिवरात्रि महोत्सव के मंच पर शुक्रवार शाम चली कुड़मेट ओ कुड़मा रे डेरे, निकी जिन्नी गोजरी रोई रोई और तेरा मेरा लगन... नाटियों से पंडाल में बैठे दर्शक खूब थिरके।
महोत्सव की पांचवीं सांस्कृतिक संध्या में लोक गायक इशांत भारद्वाज और गीता भारद्वाज के मंच पर आते ही दर्शकों ने सीटियों और तालियों की गड़गड़ाहट से कलाकारों का स्वागत किया। पांचवीं सांस्कृतिक संध्या में शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर बतौर मुख्यातिथि शामिल हुए।
ईशांत भारद्वाज ने माएं नी मेरिए, चली कुड़मेट हो कुड़मा रे डेरे, निकी जिन्नी गोजरी रोई रोई लाई, तेरा मेरा लगन ओ सजना, धोबण पाणिए जो चली ए आदि नाटियों से मंडीवासियों का भरपूर मनोरंजन किया। वहीं, विक्की राजटा ने जिटे तेरे कापडू वे कुणी धोबिए धोए, तेरा लागा नाचणा प्यारा, तेरी परौठी लागो रेडिया, दोडू धोए ठंडे नालुए, रोहड़ू जाणा मेरी आमिए आदि गीतों से माहौल को रंगीन बनाया।
लोकगायिका गीता भारद्वाज ने अपने हिंदी, पहाड़ी और पंजाबी गीतों से खूब धमाल मचाया। उन्होंने आपकी नजरों ने समझा प्यार के काबिल मुझे... गीत से आगाज किया। इसके बाद जलेबी खाणी नथु भाई री, कित्थु ते आया मेरा रूणझुणुआ, मैं तो रास्ते से जा रहा था भेलपुरी खा रहा था, लच्छी लच्छी लोक गलांदे, बेलुआ बुरा आया जमाना, तेरी परौठी लागा रेडिया, हामा लागा तेरे दांदे रा चावा, तिरपुरा भई तिरपुरा, हायो मेरिए धींगा धिगिए, चारा दिलदारा, कपड़े धोआं नाल रोआं कुंजुआं आदि गीत गाकर पंडाल में बैठे दर्शकों को खूब नचाया। हैरी ग्रोवर, अभिज्ञा बैंड ने भी अपनी स्वर लहरियों से खूब धमाल मचाया। इससे पहले संध्या का आगाज बीरी सिंह एंड पार्टी की ओर से शहनाई से हुआ।
मंडी की रजनी ने भजन ऐसी लागी लगन मीरा हो गई मगन, हरदेव ने कहना है कहना है और बड़ी दूर से आए हैं प्यार का तोहफा लाए हैं, से दर्शकों की
वाहवाही लूटी।
अंतरराष्ट्रीय महाशिवरात्रि महोत्सव मंडी की सांस्कृतिक संध्या में झूमते दर्शक। संवाद