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Mandi News: इत्र तैयार कर लॉ ग्रेजुएट कनिका ने महिलाओं को बनाया आत्मनिर्भर

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युवाओं की पहली पसंद बना कनिका के स्टॉल में रखा इत्र
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अगरबत्ती और चलारू के उत्पाद भी किए जा रहे तैयार
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। महाशिवरात्रि महोत्सव के दौरान मंडी के इंदिरा मार्केट की छत पर सजे सरस मेला में धर्मशाला की कनिका सरीन ने सीएसआईआर और आईएचबीटी पालमपुर के सहयोग से इत्र का एक स्टॉल सजाया है। इत्र अब युवाओं के बीच एक लोकप्रिय उत्पाद बन चुका है और इस स्टॉल पर इसकी बिक्री शानदार तरीके से हो रही है। कनिका पेशे से वकील हैं, लेकिन इत्र तैयार करना उनका शौक है। इसके लिए उन्होंने विशेष प्रशिक्षण लिया और शैल्जा स्वयं सहायता समूह से जुड़कर महिलाओं को इत्र बनाने का प्रशिक्षण भी दिया है।



कनिका ने बताया कि मेलों और समारोहों में स्टॉल लगाकर वह इत्र बेच रही हैं और इस काम के माध्यम से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में मदद कर रही हैं। उनके द्वारा प्रशिक्षित महिलाएं अब प्रति माह 15 से 20 हजार रुपये तक की कमाई कर रही हैं। उन्होंने बताया कि कानून की पढ़ाई करने के बाद उन्होंने यह कार्य शुरू किया था, लेकिन कोरोना महामारी के दौरान इस काम में कोई विशेष सफलता नहीं मिल पाई। इसके बाद घर पर ही इत्र के उत्पादन, मार्केटिंग और तकनीक के बारे में उन्होंने जानकारी हासिल की। 2022 में सीएम स्टार्टअप योजना के तहत इत्र के उत्पादन, जांच और तकनीक के लिए उन्होंने सीएसआईआर और आईएचबीटी लैब की मदद ली, और इसके बाद उत्पादों की मार्केटिंग शुरू की।
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कनिका के स्टॉल पर लेमन ग्रास, गुलाब, चमेली जैसी फूलों से अर्क निकालकर तैयार किए गए विभिन्न प्रकार के इत्र मिलते हैं। इसके अलावा मधुमक्खी के छते से निकले मोम और फूलों से तैयार किया गया सीया बटर मसाज के लिए उपलब्ध है। उन्होंने मधुमक्खी के वेस्ट और प्लॉट से मसाज कैंडल्स और वैक्स मोम बटर भी तैयार किया है, जिसमें एलमंड और खुमानी तेल मिलाकर उसे और भी खास बनाया गया है। गुलाब की पत्तियों को स्टेम करके गुलाब जल भी तैयार किया गया है।
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शैल्जा स्वयं सहायता समूह की 10 से अधिक महिलाएं घरों में छोटी मशीनों के माध्यम से इत्र के साथ-साथ अगरबत्ती भी तैयार करती हैं। स्टॉल के सहायक राजन मिन्हार ने बताया कि शैल्जा समूह ने आईआईटी मंडी के साथ मिलकर चलारू से तैयार गमले बनाने के लिए एक स्टार्टअप शुरू किया है, जिसका उद्देश्य जंगलों को आग से बचाने के लिए एक प्रभावी पहल करना है। महाशिवरात्रि मेले में अब तक इस स्टॉल ने अढ़ाई लाख रुपये का सामान बेचा है। उनके पास 100 रुपये से लेकर 1000 रुपये तक के इत्र उपलब्ध हैं।
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