बागवानी मंत्री ने किया समराहन के फल संतति एवं प्रदर्शन उद्यान का निरीक्षण
क्रॉसर
फागला-समराहन और फागला-छानी सड़क को एक सप्ताह में दुरुस्त करने के दिए निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
कोटली (मंडी)। कोटली उपमंडल के समराहन गांव में एचपी शिवा परियोजना का संस्थान खोला जाएगा। यह आश्वासन वीरवार को राजस्व, बागवानी, जनजातीय विकास एवं जन शिकायत निवारण मंत्री जगत सिंह नेगी ने लोगों की मांग पर दिया।
मंत्री नेगी समराहन स्थित बागवानी विभाग के फल संतति एवं प्रदर्शन उद्यान केंद्र का निरीक्षण करने पहुंचे। उन्होंने कहा कि लोगों को बागवानी के प्रति आकर्षित करने के लिए 1970 के दशक में बनाए गए इस उद्यान को विकसित किया जाएगा, ताकि लोग बागवानी के प्रति आकर्षित हों। समराहन प्रदर्शन उद्यान में उपयुक्त स्थान को देखते हुए यहां एचपी शिवा परियोजना का संस्थान खोलने पर सरकार विचार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कोटली क्षेत्र मेें लोगों के पास बागवानी के लिए काफी मात्रा में भूमि के साथ पानी उपलब्ध है।
लोगों की मांग पर मंत्री ने बताया कि धन्यारा की भांति समराहन गांव में 200 बीघा भूमि को एचपी शिवा परियोजना के तहत क्लस्टर विकसित किया जाएगा और क्लस्टर में इस क्षेत्र के पर्यावरण के अनुकूल फल लगाए जाएंगे। हिमाचल के सब ट्राॅपिकल क्षेत्र में 1200 करोड़ की एचपी शिवा परियोजना की जा रही है। छह हजार हेक्टेयर भूमि को इसके तहत लाया जाएगा। इस अवसर पर उन्होंने लोगों की समस्याओं को भी सुना। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को फागला-समराहन और फागला-छानी सड़क को एक सप्ताह में दुरुस्त करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी की उपाध्यक्ष चंपा ठाकुर, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष योगेश पटयाल, परियोजना निदेशक एचपी शिवा डॉ. देवेंद्र ठाकुर, उप निदेशक बागवानी डॉ संजय गुप्ता, एडीएम असीम सूद, तहसीलदार आशीष ठाकुर, प्रधान पूजा देवी और भींतरा देवी, जिला महासचिव चमन लाल ठाकुर, लोक निर्माण, जल शक्ति, विद्युत विभाग के सहायक अभियंता और स्थानीय पंचायत ढंडाल के लोग उपस्थित रहे।
यूएसए के फलों के लगेंगे पौधे
मंत्री नेगी ने बताया कि समराहन केंद्र में यूएसए से आयातित उन्नत किस्म के स्टोन फ्रूट बादाम, आड़ू, प्लम, खुमानी, अखरोट और जापानी फल के पौधे लगाए जाएंगे। इन पौधों का रूट स्टॉक तैयार कर किसानों को उपलब्ध करवाए जाएंगे। इस उद्यान में सेब, प्लम, खुमानी,अखरोट, जापानी फल के कलमी पौधे तैयार की गई है और बागवान दिसंबर माह से पहले आओ पहले पाओ आधार पर पौधे ले सकेंगे। यहां पर विदेशी किस्म के सेब के पौधे एम 9टी-337 रूट स्टॉक तैयार की जा रहे हैं।