धर्मपुर उपमंडल में ब्यास नदी किनारे क्षतिग्रस्त पेयजल पाइपलाइन। स्रोत : जागरूक पाठक
जगह-जगह बने फव्वारे, गर्मी में बूंद-बूंद को तरस रहे लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
टिहरा (मंडी)। धर्मपुर में बहने वाली ब्यास नदी के किनारे जल शक्ति विभाग की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान खड़े हो रहे हैं। नदी के किनारे स्थित विभिन्न पेयजल योजनाओं की पाइपलाइनें जगह-जगह से फटने के कारण पानी के फव्वारे चल रहे हैं, जिससे न केवल लाखों लीटर पानी व्यर्थ बह रहा है, बल्कि क्षेत्र में भूस्खलन का खतरा भी बढ़ गया है।
हैरानी की बात यह है कि टिहरा-चोलथरा को जाने वाली मुख्य सप्लाई लाइन पिछले कई दिनों से टूटी हुई है। इसके अलावा धर्मपुर पुल के पास बनवार सड़क पर लाइन क्षतिग्रस्त है। कांडापतन (लघु हरिद्वार) के समीप ब्यास नदी किनारे पाइपलाइनें फटी हुई हैं। ब्यास नदी से सरकाघाट, टिहरा, गोपालपुर, मंडप, चोलथरा और हमीरपुर के लिए पेयजल योजनाएं संचालित होती हैं, जो फिलहाल लीकेज का शिकार हैं। गर्मी की शुरुआत होते ही उपभोक्ताओं को पेयजल आपूर्ति की कमी का सामना करना पड़ रहा है, वहीं दूसरी ओर विभाग की अनदेखी के कारण पाइपों से पानी सड़कों और खेतों में बह रहा है।
उधर, विभागीय अधिशासी अभियंता विवेक हाजरी ने बताया कि मीडिया के माध्यम से पेयजल पाइपलाइनें फटी होने की जानकारी मिली है। टीम को निर्देश दे दिए गए हैं और जल्द ही इन लाइनों को ठीक कर लिया जाएगा।