आबकारी एवं कराधान विभाग ने व्यापारियों की सुविधा के लिए एचपी टैक्स वेबसाइट पर ऑनलाइन सुविधा उपलब्ध करवाई है। अब व्यापारी वैट फार्म की मोबाइल से ऑनलाइन डिक्लेरेशन कर सकते हैं।\
जिला मंडी में हिमाचल प्रदेश मूल्य वर्धित कर अधिनियम के तहत 73 सौ से अधिक व्यापारी पंजीकृत हैं। अधिनियम के अंतर्गत व्यापारियों से मासिक और त्रैमासिक टैक्स की उगाही की जाती है।
आबकारी एवं कराधान विभाग ने व्यापारियों की सुविधा और टैक्स अदायगी में पारदर्शिता लाने के लिए ऑनलाइन सुविधा उपलब्ध करवाई है। विभाग ने व्यापारियों की सुविधा के लिए ई रजिस्ट्रेशन, ई-पेमेंट, ई-डिक्लेरेशन, ई-सीएसटी फार्म, ई-रिटर्न को ऑनलाइन किया है, जिससे व्यापारियों को विभाग के कार्यालय के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।
मूल्य वर्धित कर (वैट) के तहत फार्म 26 ए व वैट 26 की व्यापारी मोबाइल से ऑनलाइन डिक्लेरेशन कर सकते हैं। साथ ही सामान को आयात व निर्यात के लिए व्यापारियों को आनलाइन डिक्लेरेशन वैट फार्म 26 ए करने पर किसी भी बहुउद्देशीय पड़ताल नाके पर रुकने की जरूरत नहीं है।
वैट के तहत डीजल, पेट्रोल, गाड़ियों और खाद्य पदार्थों की बिक्री आय का मुख्य स्रोत है। उक्त वस्तुओं की बिक्री से ही सरकार को 70 से 80 प्रतिशत टैक्स के रूप आय प्राप्त होती है।
इसके अलावा यात्री एवं भाड़ा कर, विलास कर, मनोरंजन कर, सीजीसीआर अधिनियम के तहत टैक्स की वसूली की जाती है। सहायक आबकारी एवं कराधान आयुक्त उज्जवल सिंह राणा ने बताया कि विभाग की ओर से व्यापारियों के लिए ऑनलाइन सुविधा उपलब्ध करवाई गई है।