फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रिवालसर में बौद्ध धर्म की ध्वजाओं को जलाया

Thu, 31 Mar 2016 06:50 PM IST
मंडी।
विज्ञापन
रिवालसर में अज्ञात लोगों ने जलाए बौद्व धर्म की ध्वजाएं। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
रिवालसर (मंडी)। तीन धर्मों की तपोस्थली रिवालसर झील के किनारे बुधवार रात शरारती तत्वों ने खंभों पर लगी बौद्ध श्रद्धालुुओं की ध्वजाओं को आग के हवाले कर दिया। आस्था को आहत करने वाली इस घटना से त्रिवेणी धर्म नगरी में बौद्ध श्रद्धालु फिर मायूस हुए हैं। तीन साल के अरसे के बाद फिर घटना से तीन धर्मों की तपोस्थली शर्मसार हुई है। पुलिस ने मंदिर कमेटी की शिकायत पर अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
विज्ञापन



जानकारी के अनुसार रिवालसर पवित्र झील के किनारे जिला प्रशासन ने बौद्ध श्रद्धालुओं को धार्मिक ध्वजाएं लगाने के लिए स्थान चिन्हित किया था। उक्त स्थान पर प्रशासन ने लोहे के खंभे लगा रखे हैं, ताकि श्रद्धालु इन पर ध्वजाएं लगा सकें। यहां पर दस्तक देने वाले श्रद्धालु पिछले कई साल से यहां ध्वजाएं चढ़ाते रहे हैं। बुधवार रात को शरारती तत्वों ने ध्वजाएं जला दीं। पुलिस ने मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।

साल दर साल ध्वजाओं को जलाने की घटना से श्रद्घालुओं की भावनाएं आहत हुई हैं। गुरु पद्मसंभव निग्मापा बौद्धिष्ठ मंदिर प्रबंधन कमेटी के प्रधान ध्यान चंद नेगी, पूर्व प्रधान बालक राम नेगी, उप प्रधान ज्ञान चंद, महासचिव रामचंद, महाप्रबंधक गुरदास चंद नेगी, छेरिंग दोरजे, संडूप ठाकुर, फागनू राम ने ध्वजा जलाने की घटना को चिंताजनक बताया है। कमेटी के पदाधिकारियों ने ध्वजाओं में लगी आग को बुझाने पर स्थानीय लोगों का आभार जताया है। वहीं, कमेटी पदाधिकारियों ने मामले की उच्च स्तरीय जांच करने की मांग भी प्रदेश सरकार व जिला प्रशासन से की है। मामले की पुष्टि करते हुए पुलिस चौकी प्रभारी संसार चंद ने कहा कि गुरु पद्मसंभव निग्मापा बौद्घिक मंदिर कमेटी की शिकायत पर अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। मामले की छानबीन की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें