धर्मपुर (मंडी)। हिमाचल प्रदेश राज्य श्रमिक कल्याण बोर्ड की 51वीं बैठक 6 सितंबर को अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर की अध्यक्षता में शिमला में आयोजित की जाएगी। बैठक में मजदूरों की लंबित सहायता राशि का मुद्दा जोर-शोर से उठेगा। सीटू के राज्य उपाध्यक्ष एवं बोर्ड के गैर-सरकारी सदस्य भूपेंद्र सिंह ने कहा कि बोर्ड मजदूरों की मदद करने के बजाय प्रचार-प्रसार पर लाखों रुपये खर्च कर रहा है। सवा लाख मजदूरों की करीब 500 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता पिछले तीन वर्षों से लंबित पड़ी है।
कहा कि विभिन्न मांगों के समर्थन में सीटू से संबद्ध मनरेगा एवं निर्माण मजदूर यूनियन ने 22 सितंबर को हमीरपुर स्थित बोर्ड कार्यालय का घेराव करने का एलान किया है। कहा कि 12 जुलाई को बोर्ड की 50वीं विशेष बैठक में आपदा प्रभावित मजदूरों की सहायता का निर्णय हुआ था, लेकिन आज तक न तो कोई मदद दी गई और न ही बैठक की कार्यवाही जारी की गई। संवाद