एसडीएम को सौंपते हिमाचल दिव्यांग कल्याण समिति के सदस्य। संवाद
टिहरा (मंडी)। हिमाचल दिव्यांग कल्याण समिति ने मांग की है कि 70 फीसदी दिव्यांग व्यक्ति के परिचारक (अटेंडेंट) को भी बसों में निशुल्क यात्रा का सुविधा प्रदान की जाए। 70 फीसदी से कम दिव्यांग को बस में बैठने के साथ ही चलने-फिरने में बहुत परेशानी होती है। इस मांग को लेकर दिव्यांगजनों ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी भेजा है।
हिमाचल दिव्यांग कल्याण समिति की बैठक बुधवार को समिति के प्रदेशाध्यक्ष हरी दास प्रजापति की अध्यक्षता में सरकाघाट में हुई। इसमें दिव्यांगों की विभिन्न मांगों पर विस्तार से चर्चा की। बैठक के बाद प्रतिनिधिमंडल ने एसडीएम सरकाघाट के माध्यम से मुख्यमंत्री को मांगों और समस्याओं का पत्र भेजा।
पत्र में समिति ने मांग की कि दिव्यांग का मेडिकल 70 प्रतिशत से कम है और वह बस में बैठने या चलने में समर्थ नहीं हैं, तो उनके साथ एक अटेंडेंट को भी फ्री में यात्रा का प्रावधान किया जाए। पत्र में स्वावलंबन वेबसाइट पर दिव्यांगों से संबंधित तमाम जानकारी जैसे मेडिकल कैंप, नियम और शर्तें आदि शामिल हो, दिव्यांगों के प्रति नजरिया बदलने और दिव्यांगों के मिलने वाली सुविधाओं के बारे में पंचायत स्तर पर कार्यक्रम आयोजित करने की मांग उठाई।
इसके साथ ही दिव्यांगों का नाम बीपीएल सूची से न काटने, हर दिव्यांग के घर तक सड़क सुविधा, बसों की 10 और 11 नंबर सीट पर पट्टिका लगवाना आदि मांगों को पूरा करने का आग्रह किया गया। उन्होंने सरकाघाट में दिव्यांग भवन खुलवाना, बस स्टैंड पर बने दोनों शौचालयों को चालू करवाना, लघु सचिवालय की लिफ्ट के लिए बजट जारी करने की भी मांग की। इस मौके पर उपाध्यक्ष रोशन लाल, महासचिव राजकुमार राणा, मेहर सिंह, लेख राज, सरला देवी, भागी राम, नेक राम शास्त्री, लेख राज व रामलाल आदि उपस्थित रहे।