नगर्वाईं/बालीचौकी (मंडी)। औट, बांधी, देउली और नागधार के किसानों ने किसान सभा के बैनर तले शनिवार को फोरलेन निर्माण में लगी कंपनी कार्यालय का घेराव किया। टनल कार्य से सूख रहे पेयजल स्रोतों और फोरलेन निर्माण से उजड़े व्यापारियों को कंपनी में रोजगार न मिलने के चलते प्रदेश सरकार के खिलाफ भी जमकर नारेबाजी की।
किसान सभा ने समस्याओं के उचित समाधान न निकालने पर उग्र आंदोलन के लिए भी चेताया है। किसान सभा मंडी के पूर्व अध्यक्ष महेंद्र सिंह राणा ने बताया कि किसानों ने जिला प्रशासन, पुलिस और एनएचएआई एवं एफकॉन कंपनी को लिखित में अपनी समस्याओं को लेकर ज्ञापन दिया था, लेकिन उनकी कोई सुनवाई नहीं हो पाई है। किसानों की मांग थी कि टनल से पानी के स्रोत सूख रहे हैं। इससे पेयजल और सिंचाई के पानी में कमी आई है। समय रहते पानी का स्थायी प्रबंध किया जाना चाहिए।
कहा कि फोरलेन के कारण व्यापार में हुई तबाही के चलते ग्रामीण 70 प्रतिशत रोजगार की मांग कर रहे हैं लेकिन कंपनी प्रबंधन बार-बार किसानों और ग्रामीणों की समस्याओं को अनदेखा कर रहे हैं। मामला प्रशासन के समक्ष उठाने के बावजूद कुछ न होने पर किसानों में रोष है। मजबूरन अब उन्हें सड़कों पर उतरना पड़ रहा है। ऐसे ही हालात रहे तो किसानों ने उग्र आंदोलन के लिए चेताया है। इा दौरान नारायण चौहान, शेर नेगी, सुरेश सरवाल आदि मौजूद रहे।