सुंदरनगर (मंडी)। सुंदरनगर के चांगर वार्ड में गंदे नाले की समस्या से स्थानीय लोग पिछले लंबे समय से परेशान हैं। इस नाले की गंदगी की समस्या से स्थानीय लोग अब बीमार होने शुरू हो गए हैं। कभी भी यहां पर महामारी फैल सकती है। इस समस्या के हल के लिए स्थानीय लोगों ने कई बार बीबीएमबी प्रशासन और नगर परिषद सुंदरनगर को चेताया लेकिन आज तक न बीबीएमबी इस समस्या का हल निकाल सका न ही नगर परिषद सहित अन्य महकमे। स्थानीय लोगों ने कुछ माह पहले केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा के समक्ष भी यह मामला उठाया था लेकिन छह माह बीतने के बाद भी नाले की गंदगी की समस्या का हल नहीं हो सका। ताजा घटनाक्रम में लोगों ने नाले की गंदगी से परेशान हो कर प्रदूषण नियंत्रण कंट्रोल बोर्ड के समक्ष समस्या को हल करने की गुहार लगाई। शिकायत मिलने पर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम ने अधिशासी अभियंता नरेश नड्डा के नेतृत्व में शनिवार को नाले का दौरा किया और स्थानीय लोगों से बातचीत की।
बीएसएल विस्थापित परिवार संघ के अध्यक्ष हेम सिंह, नरेंद्र खरबंदा, हेमचंद शर्मा और दीपक धीमान ने प्रदूषण बोर्ड की टीम को बताया कि नाले की गंदगी से स्थानीय लोग कई वर्षों से परेशान हैं। स्थानीय प्रशासन, बीबीएमबी, आईपीएच विभाग और नगर परिषद इस समस्या से उन्हें निजात नहीं दिला पाए है। उन्होंने कहा इन दिनों सर्द मौसम चल रहा है। बावजूद इसके यहां पर आज भी मक्खी और मच्छर का आतंक बरकरार है। नाले से उठने वाली बदबू के कारण उनका जीना दूभर हो गया है। उन्होंने कहा कि नाले में आईपीएच और बीबीएमबी की सीवरेज लाइन में होने वाली लीकेज भी गंदगी का एक बड़ा कारण है। उन्होंने कहा कि अब उनकी सारी आस प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की कार्रवाई पर ही टिकी हुई है। अब भी अगर उनकी समस्या का हल नहीं हुआ तो वह आने वाले समय में कोर्ट का रुख करने को मजबूर होंगे और धरना-प्रर्दशन करने से भी गुरेज नहीं करेंगे। इस मौके पर नहर परिषद के कार्यकारी अधिकारी अशोक शर्मा, अभियंता राजेंद्र गुलेरिया सहित अन्य विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिशासी अभियंता नरेश नड्डा ने बताया कि विभाग मामले की जल्द ही रिपोर्ट तैयार कर आने वाले दिनों में समस्या के समाधान के लिए कारगर कदम उठाएगा।